
इंदौर। मकर संक्रांति का पावन पर्व इंदौर शहर में पूरे श्रद्धा, उत्साह और पारंपरिक उल्लास के साथ मनाया गया। सुबह से ही शहर के आसमान पर रंग-बिरंगी पतंगों ने ऐसा नज़ारा पेश किया कि मानो पूरा आसमान उत्सव में डूब गया हो। छतों, मैदानों और गलियों में बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक ने पतंगबाजी का भरपूर आनंद लिया।
पर्व के अवसर पर तिल-गुड़ की मिठास के साथ लोगों ने एक-दूसरे को शुभकामनाएं दीं। घरों में विशेष व्यंजन बनाए गए, वहीं सुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। मकर संक्रांति के महत्व को समझते हुए शहरवासियों ने दान-पुण्य भी किया। कई स्थानों पर जरूरतमंदों को भोजन, कपड़े और तिल-गुड़ का वितरण किया गया।
सामाजिक संस्थाओं और स्वयंसेवी संगठनों द्वारा जगह-जगह सेवा कार्य किए गए।
शाम होते-होते सूर्यास्त के साथ पतंगबाजी का सिलसिला थमा, लेकिन पूरे दिन का उत्साह और उल्लास लोगों के चेहरों पर साफ झलकता रहा। इंदौर में मकर संक्रांति का यह पर्व परंपरा, संस्कृति और सामाजिक समरसता का सुंदर उदाहरण बनकर सामने आया।
