
शाजापुर। निजी अस्पताल में सफाई का कार्य करने वाली महिला के पांच वर्षीय मासूम को और किसी ने नहीं बल्कि महिला के पहले पति ने ही अगवा किया था, जिसे पुलिस ने ढूंढ निकाला और उसे अपनी मां को सौंप दिया. इस साजिश में आरोपी का साथ दे रहे उसके दोस्त को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया. जबकि मासूम के सौतेले पिता की पुलिस द्वारा तलाश की जा रही है. गौरतलब है लालघाटी थाने में ज्योतिनगर निवासी सुमन बाई सौराष्ट्रीय ने अपने बेटे आयुष के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी. सुमन बाई गोहिल अस्पताल में सफाई का काम करती हैं. उन्होंने बताया कि सोमवार शाम करीब साढ़े पांच बजे आयुष अपने बड़े भाई अंश और मोहल्ले के बच्चों के साथ घर के बाहर खेल रहा था, कुछ समय बाद बड़ा भाई घर लौट आया, लेकिन आयुष वापस नहीं आया. काफी तलाश के बाद भी जब बच्चा नहीं मिला तो पुलिस को सूचना दी गई. पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और तलाश शुरू कर दी. पुलिस जांच में सामने आया कि सुमन बाई की पहले और दूसरी शादी से जुड़े पारिवारिक विवाद रहे हैं. पुलिस को मुखबिरों की सूचना और काल रिकार्ड के आधार पर पता चला कि बच्चे को उसकी मां के पूर्व पति राजेश उर्फ राधेश्याम घर के बाहर से ले गया था.
देवास जिले तक ले गया आरोपी
पुलिस के अनुसार आरोपी राजेश बच्चे को लेकर देवास जिले चला गया था. उसके साथ उसका दोस्त पीरुलाल भी था. पुलिस के दबाव से बचने के लिए राजेश ने सतवास से बच्चे को अपने दोस्त पीरुलाल के साथ बस में बैठाकर शाजापुर की ओर भेज दिया. मामले मे पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली और लालघाटी पुलिस की टीम बुधवार सुबह आष्टा बस स्टैंड पहुंची और पीरुलाल को पकडक़र बच्चे को सुरक्षित बरामद कर लिया. इसके बाद बच्चे को शाजापुर लाया गया और परिजनों को सौंप दिया गया. पुलिस ने दोस्त पीरुलाल को गिरफ्तार कर लिया है लेकिन राजेश फिलहाल फरार है जिसकी पुलिस द्वारा तलाश की जा रही है.
