भागलपुर | 10 जनवरी, 2026: बिहार के भागलपुर जिले से चिकित्सा जगत को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई है। कहलगांव प्रखंड के एक निजी क्लीनिक में भर्ती गर्भवती महिला स्वाति देवी का ऑपरेशन एक झोलाछाप डॉक्टर ने महज यूट्यूब पर वीडियो देखकर कर दिया। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टर के पास कोई विशेषज्ञता नहीं थी और वह सर्जरी के दौरान मोबाइल पर निर्देश देख रहा था। इस घातक लापरवाही के कारण ऑपरेशन के दौरान महिला की नस कट गई और अत्यधिक रक्तस्राव होने से उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। हालांकि, राहत की बात यह रही कि नवजात शिशु को सुरक्षित बचा लिया गया है।
मृतका के पति विक्रम कुमार ने बताया कि प्रसव पीड़ा होने पर स्वाति को क्लीनिक लाया गया था, जहाँ डॉक्टर ने 30,000 रुपये की मांग कर सफल डिलीवरी का भरोसा दिया था। जब ऑपरेशन के दौरान स्थिति बिगड़ गई और खून काबू से बाहर हो गया, तो डॉक्टर ने हाथ खड़े कर दिए और परिजनों को दूसरे अस्पताल ले जाने को कहा, लेकिन तब तक स्वाति की मौत हो चुकी थी। घटना के बाद आरोपी डॉक्टर और उसका स्टाफ क्लीनिक में ताला लगाकर फरार हो गए। आक्रोशित ग्रामीणों ने शव को सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया और आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की।
रसलपुर थाना पुलिस ने मौके पर पहुँचकर स्थिति को संभाला और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थानाध्यक्ष अमित कुमार ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल (FSL) टीम को जांच के लिए बुलाया गया है और फरार डॉक्टर की तलाश में छापेमारी की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग ने भी इस अवैध क्लीनिक के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि प्रशासन की अनदेखी के कारण ग्रामीण इलाकों में ऐसे झोलाछाप डॉक्टर धड़ल्ले से लोगों की जान के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं, जिन पर अब सख्त नकेल कसने की जरूरत है।

