टीकमगढ़: नगर पालिका परिषद में विकास कार्यों को लेकर चल रहे मतभेद अब खुले टकराव में बदल गए हैं। शुक्रवार को नगर पालिका अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार और भाजपा के नेता प्रतिपक्ष अभिषेक खरे (रानू) के बीच तीखी बयानबाजी देखने को मिली। दोनों ने एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए हैं।दरअसल, हाल ही में नगर पालिका परिषद की बैठक में सड़क निर्माण, पार्कों के सौंदर्यीकरण और दुकानों की प्रीमियम वसूली जैसे प्रस्तावों को लेकर विवाद हुआ था।
अध्यक्ष अब्दुल गफ्फार का कहना है कि परिषद के कुछ पार्षद लगातार विकास कार्यों में अड़ंगे डाल रहे हैं, जिससे नगर पालिका को आर्थिक नुकसान हो रहा है।
गफ्फार ने मीडिया से बातचीत में कहा कि नगर के विकास के लिए बनाए जा रहे प्रस्तावों का बार-बार विरोध किया जा रहा है, जिससे योजनाओं के क्रियान्वयन में देरी हो रही है। उन्होंने कहा कि परिषद द्वारा पारित कई प्रस्तावों को राजनीतिक कारणों से रोक दिया गया है।अब्दुल गफ्फार ने यह भी कहा कि शहर की सड़कों, पार्कों और सार्वजनिक स्थलों के सौंदर्यीकरण की दिशा में नगर पालिका गंभीर है, लेकिन कुछ पार्षद इन योजनाओं का विरोध कर रहे हैं।
उधर, भाजपा नेता प्रतिपक्ष अभिषेक खरे (रानू) ने आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि हमने परिषद की बैठक में जनता से जुड़े मुद्दों को उठाया था। विकास कार्यों की गुणवत्ता और प्राथमिकताओं पर चर्चा की जानी चाहिए थी, लेकिन अध्यक्ष इसे व्यक्तिगत विवाद का रूप रहे हैं।अभिषेक खरे ने आगे कहा कि नगर में सफाई व्यवस्था, पेयजल आपूर्ति और सड़क मरम्मत जैसे कई मुद्दे लंबित हैं, जिन पर ध्यान देने की आवश्यकता है।दोनों पक्षों के आरोप-प्रत्यारोप से नगर की राजनीति गरमा गई है। परिषद की अगली बैठक में यह टकराव और बढ़ सकता है।
