नयी दिल्ली, (वार्ता) भारत ने शुक्रवार रात नेपाल में प्रधानमंत्री सुशीला कार्की के नेतृत्व में नई अंतरिम सरकार के गठन का स्वागत किया और आशा व्यक्त किया कि इससे शांति एवं स्थिरता को बढ़ावा देने में मदद मिलेगी।
विदेश मंत्रालय ने देर रात जारी एक बयान में कहा कि एक करीबी पड़ोसी के रूप में भारत नेपाल के लोगों की भलाई एवं समृद्धि के लिए उसके साथ मिलकर काम करना जारी रखेगा।
विदेश मंत्रालय ने कहा, “हम नेपाल में माननीय श्रीमती सुशीला कार्की के नेतृत्व में नई अंतरिम सरकार के गठन का स्वागत करते हैं। हमें उम्मीद है कि इससे शांति एवं स्थिरता को बढ़ावा मिलेगा।”
इसने कहा, “एक करीबी पड़ोसी, एक लोकतांत्रिक देश और दीर्घकालिक विकास साझेदार के रूप में भारत दोनों देशों और लोगों की भलाई एवं समृद्धि के लिए नेपाल के साथ मिलकर काम करना जारी रखेगा।”
उल्लेखनीय है कि नेपाल की पूर्व मुख्य न्यायाधीश सुशीला कार्की ने आज देर शाम नेपाल के प्रधानमंत्री का पदभार ग्रहण कर लिया। राष्ट्रपति राम चंद्र पौडेल ने राष्ट्रपति कार्यालय, शीतल निवास में आयोजित एक समारोह में श्रीमति कार्की को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।
उल्लेखनीय है कि आठ और नौ सितंबर को हुए जनरेशन जेड विद्रोह के बाद तत्कालीन प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली को इस्तीफा देने और सुरक्षा एजेंसियों के पास शरण लेने के लिए मजबूर होना पड़ा था।
प्रदर्शनकारी समूहों और काठमांडू शहर के मेयर बालेन्द्र शाह ने सर्वसम्मति से श्रीमति कार्की को प्रधानमंत्री पद के लिए अनुशंसित किया।
श्रीमति कार्की और सेना प्रमुख अशोक राज सिगडेल के साथ कई बैठकों के बाद राष्ट्रपति ने उन्हें नेपाल का प्रधानमंत्री नियुक्त करने का निर्णय लिया।
श्रीमति कार्की को आज प्रधानमंत्री नियुक्त किया गया और उन्हें छह महीने के भीतर आम चुनाव कराने का निर्देश दिया गया। प्रधानमंत्री सुशीला कार्की ने अपने कार्यकाल के पहले निर्णय के रूप में प्रतिनिधि सभा को भंग कर दिया।
भारत ने प्रधानमंत्री कार्की के नेतृत्व में नेपाल की नई अंतरिम सरकार का किया स्वागत
