
जबलपुर। पाटन के गुरु पिपरिया स्थित खाद बिक्री केंद्र की बाउंड्री वाल के पास सैकड़ो की संख्या में किसानों के आधार कार्ड मिलने की खबर का असर देखने को मिला है। एसडीएम मानवेंद्र सिंह के द्वारा पूरे मामले की जांच नायब तहसीलदार के द्वारा कराई जा रही है।
यह है मामला-
दरअसल पाटन के गुरु पिपरिया स्थित खाद विक्रय केंद्र के पास सैकड़ो की संख्या में किसानों के ओरिजिनल आधार कार्ड मक्के के खेत में पड़े हुए मिले थे, जिसकी खबर प्राथमिकता से प्रकाशित की गई थी। जिसके बाद पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट के द्वारा जांच करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही नायब तहसीलदार के द्वारा मौके पर पहुंचकर उक्त आधार कार्ड भी जप्त किए गए हैं। मामले में एसडीएम मानवेंद्र सिंह का कहना है कि गोदाम प्रभारी के द्वारा दिए गए बयानों के आधार पर कुछ लोगों के ऊपर शक जताया गया है। मामले की जांच कराई जा रही है और जांच में जो भी दोषी पाया जाता है तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
वहीं किसानों का कहना है कि कहीं ना कहीं गोदाम प्रभारी की बड़ी लापरवाही सामने आई है। जिस प्रकार से किसान खाद के लिए परेशान हो रहे हैं, इस बीच जमा दस्तावेजों को इस प्रकार से फेंक देना गलत है। अब देखना यह होगा कि पूरे मामले में कौन दोषी पाया जाता है और गोदाम प्रभारी पर किस प्रकार की कार्रवाई होती है।
