यरूशलम 19 जून (शिन्हुआ) ईरान के मिसाइल हमलों में गुरुवार को इजरायल के एक अस्पताल और आवासीय भवनों को निशाना बनाया गया जिसमें 30 से अधिक लोग घायल हो गए।
इजरायल के चैनल 12 न्यूज ने बताया कि ईरान की तरफ से लगभग 30 मिसाइलें दागी गईं जिनमें से चार ने हवाई सुरक्षा को भेदते हुए तेल अवीव महानगरीय क्षेत्र और दक्षिणी शहर बीर शेवा में लक्ष्यों को निशाना बनाया। इजरायल के स्वास्थ्य अधिकारियों और स्थानीय मीडिया के अनुसार हमलों में तेल अवीव और उसके उपनगरों होलोन और रमात गण में छह लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं और दर्जनों इमारतों को भारी नुकसान हुआ है।
बीर शेवा में सोरोका मेडिकल सेंटर की सर्जरी बिल्डिंग पर एक मिसाइल हमले में काफी नुकसान होने की खबर है। अस्पताल ने कहा कि हमले में आस-पास की इमारतें भी प्रभावित हुईं हैं लेकिन इससे काम काज पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा है। इजरायली स्वास्थ्य मंत्रालय ने हमले के कारण पास की प्रयोगशाला से खतरनाक पदार्थो के रिसाव की खबरों को सिरे से खारिज कर दिया है।
मंत्रालय ने कहा कि एहतियात के तौर पर हमले से कई घंटे पहले सर्जरी विंग से मरीजों और कर्मचारियों को निकाल लिया गया था। हालांकि ईरान ने दावा किया कि चिकित्सा केंद्र का इस्तेमाल सैन्य उद्देश्यों के लिए किया जा रहा था लेकिन इस आरोप का इजराइल ने खंडन किया है। हमले के बाद इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ईरान को “पूरी कीमत” चुकाने के लिए मजबूर करने की कसम खाई। ये हमला 13 जून को ईरान पर इजराइली हवाई हमलों के बाद भड़के युद्ध के और तेज होने का संकेत है।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार युद्ध शुरू होने के बाद से ईरान में लगभग 600 लोग और इजराइल में 24 लोग मारे गए हैं। बुधवार को ईरान के सैन्य प्रमुख अब्दुलरहीम मौसवी ने कहा कि ईरान के जवाबी हमलों ने ‘बचाव’ के रूप में काम किया है, लेकिन चेतावनी दी कि “दंडात्मक कार्रवाई भी जल्द ही शुरू की जाएगी।” उन्होंने तेल अवीव और हाइफ़ा के निवासियों को “अपनी जान बचाने के लिए” शहर खाली करने के लिये कहा है ।
