नई दिल्ली, 20 मई (वार्ता) उद्योग संवर्धन और आंतरिक व्यापार विभाग (डीपीआईआईटी) ने घरेलू, वाणिज्यिक और इसी तरह के विद्युत उपकरणों की सुरक्षा से संबंधित गुणवत्ता नियंत्रण आदेश (क्यूसीओ), 2025 की कार्यान्वयन तिथि बढ़ाकर अब 19 मार्च 2026 कर दी है।
यह निर्णय 15 मई को केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल की अध्यक्षता में हितधारकों के साथ विचार-विमर्श के बाद लिया गया। यह कदम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मजबूत गुणवत्ता आधारित भारत’ के दृष्टिकोण के अनुरूप है। भारत में ‘मेड इन इंडिया’ उत्पादों की गुणवत्ता और वैश्विक प्रतिष्ठा को बढ़ाने के उद्देश्य से डीपीआईआईटी लगातार गुणवत्ता नियंत्रण आदेशों को अधिसूचित कर रहा है।
यह आदेश 250 वोल्ट (सिंगल-फेज) और 480 वोल्ट (अन्य) से अधिक वोल्टेज रेटिंग न रखने वाले सभी घरेलू, वाणिज्यिक और बैटरी से चलने वाले उपकरणों पर लागू होगा। पहले से बीआईएस प्रमाणन या अन्य क्यूसीओ के अंतर्गत आने वाले उपकरण इससे बाहर रहेंगे।
इस आदेश से सूक्ष्म उद्यमों को छह महीने और लघु उद्यमों को तीन महीने की अतिरिक्त छूट दी गई है। निर्यातोन्मुख विनिर्माण के लिए आयातित उत्पादों पर छूट। अनुसंधान एवं विकास (आरएंडडी) प्रयोजनों के लिए 200 इकाइयों तक आयात को मंजूरी दी गई है। कार्यान्वयन से पहले बनाए या आयात किए गए स्टॉक को बिक्री के लिए छह महीने का समय दिया गया है।
यह संशोधित क्यूसीओ भारत में निम्न गुणवत्ता वाले आयातित उत्पादों को रोकने, उपभोक्ता सुरक्षा सुनिश्चित करने और भारतीय उद्योग को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है। यह पहल भारत को “विश्वस्तरीय विनिर्माण केंद्र” बनाने और ‘आत्मनिर्भर भारत’ के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
