नयी दिल्ली, 14 मई (वार्ता) केंद्र सरकार ने देश में श्रम सर्वेक्षण में भारी बदलाव करते हुए इसे मासिक आधार पर जारी करने का फैसला किया है। इससे पहले यह तिमाही आधार पर जारी किया जाता रहा है।
केंद्रीय सांख्यिकी एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय ने बुधवार को यहां बताया कि वर्ष 2024 तक श्रम सर्वेक्षण तिमाही आधार पर जारी किये जाते रहे हैं लेकिन अब इसे मासिक आधार पर जारी करनेे का फैसला किया गया है। मंत्रालय का कहना है कि इससे भारत के श्रम बाजार की वास्तविक स्थिति का तेजी से आकलन हो सकेगा तथा नीति निर्धारण में सटीकता आयेगी।
सरकार का मानना है कि इस बदलाव से श्रम बाजार समय पर हस्तक्षेप किया जा सकेगा। हालांकि यह केवल शहरी क्षेत्रों का सर्वेक्षण ही होगा और ग्रामीण क्षेत्रों में श्रम बाजार का आकलन तिमाही आधार पर जारी होगा। इसका आधार बढ़ाया गया है। इसके अलावा वार्षिक सर्वेक्षण कैलेंडर वर्ष के आधार पर जारी होगा।
