![]()
वकील ने कहा सौरभ की जान को खतरा
पूछताछ के दौरान वीडियोग्राफी कराने की मांग
भोपाल, 28 जनवरी. आरटीओ को पूर्व आरक्षक और कारोबारी सौरभ शर्मा ने करीब डेढ़ महीने बाद मंगलवार को कोर्ट रूम में अपनी मां से मुलाकात और बातचीत की. वह लोकायुक्त छापे से करीब पांच दिन पहले घर से निकल गया था. उसके बाद कहां रहा, इसका खुलासा फिलहाल नहीं हो पाया है. इधर सौरभ के वकील ने उसकी जान का खतरा बताते हुए पूछताछ के दौरान वीडियोग्राफी कराने की मांग की है. इस प्रकार चला घटनाक्रम मंगलवार सुबह करीब 11 बजे लोकायुक्त पुलिस ने सौरभ शर्मा के कोट के बाहर से गिरफ्तार कर लिया. उसके बाद दोपहर के समय चेतन गौर को पकड़ा गया. पूछताछ और मेडिकल परीक्षण के बाद पुलिस दोनों को शाम 5 बजकर 6 मिनट पर कोर्ट लेकर पहुंची. विशेष न्यायाधीश रामप्रताप मिश्र की अदालत में पेश करने के बाद पुलिस पूछताछ के लिए 7 दिन का रिमांड मांगा. करीब आधे घंटे की सुनवाई के बाद जज अपने चैंबर में चले गए. उस वक्त सौरभ और चेतन एक ही कटघरे में बैठे हुए थे, जबकि सामने की तरफ कोर्ट रूम में सौरभ की मां बैठी हुई थी. जज के चैंबर में जाने के बाद मां सौरभ के पास पहुंची और उससे कुछ बातचीत की. इस दौरान सौरभ ने हल्के से मुस्कुराया और मां की कही गई बातों पर सिर हिलाकर हामी भरी. शाम करीब 7 बजे जज ने दोनों को 4 फरवरी तक के लिए पुलिस रिमांड पर भेजने का फैसला दे दिया. उसके बाद पुलिस टीम दोनों को लेकर कोर्ट से रवाना हो गई. कोर्ट परिसर में दिनभर रही गहमा-गहमी सौरभ को कोर्ट में सरेंडर करने की सूचना के चलते सुबह से ही मीडियाकर्मी समेत सैकड़ो उसकी एक झलक पाने के लिए कोर्ट में मौजूद रहे. इसी दौरान पता चला कि लोकायुक्त पुलिस ने उसे बाहर से ही गिरफ्तार कर लिया है. मीडियाकर्मी लोकायुक्त कार्यालय पहुंचे, जहां काफी भीड़भाड़ के चलते भीतर प्रवेश पर रोक लगा दी गई थी. शाम सात बजे दोनों के भोपाल कोर्ट से रवाना होना बाद भीड़भाड़ समाप्त हो गई. फरारी के दौरान कहां रहा सौरभ लोकायुक्त डीजी जयदीप प्रसाद ने बताया कि सौरभ शर्मा के खिलाफ पिछले महीने आय से अधिक संपत्ति के मामले में केस दर्ज कर कार्रवाई की गई थी. उसके बाद से ही उसकी तलाश की जा रही थी. सोमवार को उसके भोपाल में होने का पता चलने के बाद पुलिस की टीमें लगाई गई थी. मंगलवार को उसे भोपाल की ही एक लोकेशन से हिरासत में लिया गया है. पूछताछ के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि फरारी के दौरान कहां-कहां रहा. प्रसाद ने यह भी बताया कि इस मामले में जिन लोगों की भूमिका होगी, उन सभी से पूछताछ की जाएगी. फिलहाल उसे कोर्ट में पेश करने के बाद पूछताछ के लिए पुलिस रिमांड पर लिया गया है. सौरभ को बनाया जा रहा मोहरा सौरभ के वकील राकेश पाराशर का आरोप है कि इस हाई प्रोफाइल मामले में सौरभ को मोहरा बनाया जा रहा है. उन्होंने बताया कि सोमवार को सौरभ कोर्ट पहुंचा था और उसने सरेंडर करने का आवेदन लगाया था. कोर्ट ने उसे मंगलवार को बुलाया था, लेकिन उसके पहले पुलिस ने उसे असंवैधानिक तरीके से गिरफ्तार कर लिया. वकील का कहना है कि पुलिस सौरभ से जबरन अपने प्रश्नों के उत्तर लेना चाहती थी. हाईप्रोफाइल मामले के कारण सौरभ की जान को खतरा बना हुआ है, इसलिए पूछताछ के दौरान पूरी वीडियोग्राफी कराई जानी चाहिए.
