पांच राज्यों के हालिया विधानसभा चुनाव परिणामों में सबसे अधिक चर्चा पश्चिम बंगाल की हो रही है, जहां भारतीय जनता पार्टी ने लगभग 75 वर्षों में पहली बार स्पष्ट बहुमत हासिल कर एक नया राजनीतिक अध्याय रचा है. इसी तरह तमिलनाडु में द्रविड़ राजनीति की दशकों पुरानी पकड़ कमजोर पड़ती […]
संपादकीय
संपादकीय
देश के पांच राज्यों,पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी के चुनाव परिणाम से जाहिर हुआ कि भाजपा के खिलाफ राजनीति कर रहे दलों को भारी झटका लगा है. सबसे बड़ा उलटफेर पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में हुआ है, जहां ममता बनर्जी और एमके स्टालिन को सत्ता से हटना पड़ा […]
इंदौर के छोटी ग्वालटोली क्षेत्र में एक 16 वर्षीय छात्रा ने अपने जन्मदिन से महज कुछ घंटे पहले मौत को गले लगा लिया. छात्रा अपने जन्मदिन पर नए कपड़े खरीदने के लिए पिता से 5 हजार रुपए की मांग कर रही थी, लेकिन आर्थिक तंगी के चलते पिता द्वारा कम […]
बरगी डैम में हुआ यह दर्दनाक हादसा केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि लापरवाही, अव्यवस्था और जिम्मेदारियों से पलायन का जीवंत उदाहरण है. नौ लोगों की मौत और 15 लोगों का लापता होना किसी प्राकृतिक आपदा का परिणाम नहीं, बल्कि मानवजनित त्रासदी है, जिसे टाला जा सकता था. सबसे बड़ा सवाल […]
धार जिले के तिरला के पास हुआ सडक़ हादसा सिर्फ एक दुर्घटना नहीं, बल्कि हमारी व्यवस्था की सामूहिक विफलता का खौफनाक आईना है. एक पिकअप वाहन में ठूंसकर भरे गए करीब 50 मजदूर, फटा हुआ टायर, और फिर एक भीषण टक्कर,16 जिंदगियां पल भर में खत्म. सवाल यह है कि […]
वैश्विक ऊर्जा राजनीति में संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के ताजा फैसले ने एक बड़ा मोड़ ला दिया है. ओपेक और ओपेक प्लस से बाहर निकलने की उसकी ऐतिहासिक घोषणा केवल संगठनात्मक बदलाव नहीं, बल्कि तेल अर्थव्यवस्था और भू-राजनीतिक संतुलन में दूरगामी प्रभाव डालने वाला कदम है. 1 मई 2026 से […]
भारत और न्यूजीलैंड के बीच हुआ मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) केवल एक व्यापारिक करार नहीं, बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था में भारत की बढ़ती सक्रियता और रणनीतिक सोच का संकेत है. यह समझौता ऐसे समय में हुआ है जब दुनिया ‘सप्लाई चेन विविधीकरण’ की ओर बढ़ रही है. ऐसे में भारत का […]
देश भर के लगभग 40 और मध्य प्रदेश के चार से ज्यादा शहरों में इस समय तापमान 44 से 45 डिग्री चल रहा है. पहाड़ी प्रदेशों को छोड़ दें तो पूरे देश में ही अमूमन 40 डिग्री टेंपरेचर की गर्मी है. दरअसल,यह अब अपवाद नहीं, बल्कि एक खतरनाक प्रवृत्ति का […]
मध्यप्रदेश में डेयरी क्षेत्र को लेकर जो ताजा आंकड़े सामने आए हैं, वे केवल प्रगति के संकेत नहीं हैं, बल्कि सहकारिता मॉडल की प्रभावशीलता का भी प्रमाण हैं. वर्ष 2025-26 में 1752 नई दुग्ध सहकारी समितियों का गठन और 701 निष्क्रिय समितियों का पुनर्जीवन, राज्य की डेयरी नीति के ठोस […]
मध्य प्रदेश सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में भूमि अधिग्रहण के बदले मिलने वाले मुआवजे को दो गुना से बढ़ाकर चार गुना करना एक साहसिक और दूरगामी प्रभाव वाला निर्णय है. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में लिया गया यह फैसला केवल आर्थिक सुधार नहीं, बल्कि किसानों के साथ विश्वास […]