नयी दिल्ली, 17 सितंबर (वार्ता) हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) शुक्रवार को बेंगलुरु में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजूदगी में भारतीय वायुसेना को हल्के लड़ाकू विमान तेजस के दो सीट वाले ट्रेनर विमान और एचटीटी-40 बेसिक ट्रेनर विमान सौंपेगी। रक्षा मंत्रालय ने गुरुवार को बताया कि इसी कार्यक्रम में पवन हंस लिमिटेड को अगली पीढ़ी के ध्रुव हेलीकॉप्टर भी सौंपे जायेंगे। इस अवसर पर नागरिक उड्डयन मंत्री के. राममोहन नायडू भी रहेंगे और देश की आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है। सूत्रों के अनुसार वायु सेना को ये दो तेजस ट्रेनर विमान मिलने के बाद एचएएल को 2010 में दिया गया 40 विमान का आर्डर पूरा हो जायेगा। यह कहा जा रहा है कि एच ए एल को इन विमानों के लिए अमेरिका से इंजन समय पर नहीं मिलने के कारण विमानों की आपूर्ति में देरी हुई है। यह आर्डर 2016 में पूरा किया जाना था ।
कार्यक्रम में एचएएल और उसके उद्योग साझेदारों की घरेलू एयरोस्पेस क्षमता का भी उल्लेख किया जाएगा। इससे सैन्य और नागरिक उपयोग के लिए उन्नत विमानों और हेलीकॉप्टरों के डिजाइन, विकास और निर्माण में देश की बढ़ती क्षमता प्रदर्शित होगी। कार्यक्रम में वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए पी सिंह, रक्षा उत्पादन सचिव संजीव कुमार, नागरिक उड्डयन मंत्रालय के सचिव समीर कुमार सिन्हा, एचएएल के मुख्य प्रबंध निदेशक रवि के. सहित रक्षा, नागरिक उड्डयन, वायुसेना, पवन हंस, नियामक एजेंसियों और एयरोस्पेस एवं रक्षा क्षेत्र से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे। सरकार ने एयरोस्पेस और रक्षा क्षेत्र में स्वदेशी डिजाइन, विकास और निर्माण को प्राथमिकता दी है। इन प्लेटफॉर्म को शामिल करना स्वदेशी क्षमता मजबूत करने और विदेशी स्रोतों पर निर्भरता कम करने की दिशा में एक और कदम है।

