पंचांग 17 सितम्बर 2026:-
रा.मि. 26 संवत् 2083 भाद्रपद शुक्ल षष्ठी गुरूवासरे दिन 10/27, अनुराधा नक्षत्रे रात 8/42, विष्कुम्भ योगे दिन 2/51, तैतिल करणे सू.उ. 5/55, सू.अ. 6/5, चन्द्रचार वृश्चिक, पर्व- सूर्य षष्ठी व्रत, संतान सप्तमीं (मध्यान्ह में), मुक्ताभरण सप्तमीं, शु.रा. 8,10,11,2,3,6 अ.रा. 9,12,1,4,5,7 शुभांक- 0,3,7.
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आज जिनका जन्म दिन है- गुरूवार 17 सितम्बर 2026
उनका आगामी वर्ष:
वर्ष के प्रारंभ में अचानक धन लाभ का योग है. आत्म विश्वास में वृद्धि होगी. वर्ष केमध्य में राजनैतिक क्षेत्र में विवाद के कारण मन खिन्न रहेगा. वर्ष के अन्त में व्यक्तिगत संबंधों में सुधार होगा. मित्रों के सहयोग से व्यापार में लाभ होगा.
मेष और वृश्चिक राशि के व्यक्तियों को धन संकट का सामना करना पड़ेगा. वृष और तुला राशि के व्यक्तियों को साझेदारी में विवाद बढेगा. कर्क राशि के व्यक्तियों को राजनैतिक क्षेत्र में विवाद से खिन्नता रहेगी. सिंह राशि के व्यक्तियों को सामान्य लाभदायक स्थिति आयेगी. मकर और कुंभ राशि के व्यक्तियों को अचानक धन लाभ प्राप्त होगा. धनु और मीन राशि के व्यक्तियों को आत्म विश्वास में वृद्धि होगी. मिथुन और कन्या राशि के व्यक्तियों को व्यक्तिगत संबंधों का विकास होगा. कार्य व्यस्तता रहेगी.
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आज का भविष्य:गुरूवार 17 सितम्बर 2026
आज जन्म लिये बालक का फल: –
आज जन्म लिया बालक बुद्धिमान चतुर, भावुक, कल्पनाप्रिय, एवं व्यवहार कुशल, दार्शनिक, हंसमुख और मिलनसार होगा. व्यवसायिक कार्यो में उन्नति करेगा. कानूनी शिक्षा में इनकी रूचि रहती है. माता पिता को सुखी रखेगा. धार्मिक और भक्त होगा.
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मेष– अनावश्यक विवादों से बचें. निजी दायित्वों की पूर्ति होगी. मानसिक प्रसन्नता रहेगी. आकस्मिक व्यस्तता रह सकती है.
वृषभ– किसी खास व्यक्ति से मुलाकात होगी. मानसिक संतोष रहेगा. लाभ में कमी आ सकती है. अपना व्यवहार संयमित रखें प्रवास का योग है.
मिथुन- संतान पक्ष में संतोष रहेगा. शिक्षा के क्षेत्र में प्रगति होगी. व्यापार व्यवसाय अच्छा रहेगा. जल्दबाजी न करना ही हितकर और लाभकारी रहेगा.
कर्क– सामाजिक कार्यो में यश मिलेगा. कार्य की अधिकता रहेगी. यशा मिलेगा. नियमितता बनी रहेगी. परिश्रम अधिक करना पड़ेगा.
सिंह– स्वजनों का सहयोग रहेगा. नौकरी में वातावरण अनुकूल रहेगा. धार्मिक कार्य और पूजापाठ में रूचि रहेगी. पद प्रतिष्ठा बनी रहेगी. नियोजित कामकाज बनने का योग है.
कन्या– धैर्य रखकर कार्य करना हितकर रहेगा. दैनिक जीवनचर्या में नियमितता रहेगी. पूज्य व्यक्ति की सलाह उपयोगी सिद्ध होगी. स्वजनों का ध्यान रखे.
तुला– उत्साह में वृद्धि होगी. व्यवसायिक प्रतिष्ठा बनी रहेगी. निजी कार्यो में व्यस्तता रहेगी. यश, मान सम्मान और प्रतिष्ठा प्राप्त होगी.
वृश्चिक– धन, यश, कीर्ति मेें वृद्धि होगी. दूर दराज की यात्रा होगी. परिश्रम अधिक करना पड़ेगा. थकान महसूस कर सकते हैं. उदर विकार से कष्ट होगा.
धनु– अनचाही यात्रा का योग बनेगा. संबंधों में प्रगाढ़ता आयेगी. दायित्वों का निर्वहन होगा. अतिथि आगमन से व्यय बढ़ेगा. साहस बना रहेगा.
मकर– संतान आदि के कार्यो का निर्वहन होगा. महत्वपूर्ण काम बनेगा. रचनात्मक कार्यो की रूपरेखा पर विचार विमर्श हो सकता है. संयम रखें.
कुम्भ– शिक्षा प्रतियोगिता के क्षेत्र में चल रहे प्रयास सफल होंगे. किसी खास व्यक्ति से मुलाकात होगी. शुभ संदेश मिलेगा. परिश्रम अधिक होगा.
मीन– पारिवारिक दायित्वों की पूर्ति होगी. मित्रता उपयोगी सिद्ध होगी. मानसिक प्रसन्नता रहेगी. आकस्मिक प्रवास का योग है. साहस संयम रखें.
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व्यापार-भविष्य:
भाद्रपद शुक्ल षष्ठी को अनुराधा नक्षत्र के प्रभाव से गुड़, खांड़, कपास, सन्, सूत, पाट, बारदाना, खली, बिनौला, आदि के भाव में उतार चढ़ाव रहेगा. धनियां, सौंठ, अजवाईन, लालमिर्च, गरम मसाला, के भाव में तेजी होगी. भाग्यांक 4867 है.
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