
नीमच। जिले के जीरन क्षेत्र के कुचड़ोद गांव में जल जीवन मिशन के तहत बिछाई गई पाइपलाइन की टेस्टिंग के दौरान ठेकेदार के काम की पोल खुल गई। शुक्रवार को टेस्टिंग के समय जमीन के अंदर बिछी पाइपलाइन तेज धमाके के साथ फट गई। पाइप फटने से तेज दबाव के साथ पानी और पत्थर उछले, जिससे ग्रामीणों में भगदड़ मच गई।
पत्थर उछलकर मकानों की छतों और गलियों में खड़े वाहनों पर गिरे। तेज बहाव के कारण पानी कई ग्रामीणों के घरों में घुस गया। इस घटना के बाद ग्रामीणों में ठेकेदार और संबंधित सरकारी अफसरों के खिलाफ गुस्सा है।
अचानक गिरने लगे पत्थर
ग्रामीण नरेश नायक ने बताया कि पाइपलाइन फटने के समय उनके घर के बाहर खड़े वाहनों पर अचानक पत्थर गिरने लगे। देखते ही देखते पानी उनके घर में भर गया। नरेश ने यह भी बताया कि उनकी माता लता बाई रसोई में खाना बना रही थीं, तभी बड़े पत्थर उनके पास आकर गिरे। अच्छी बात यह रही कि पत्थर किसी को लगे नहीं।
पाइपलाइन फटने का असर पूर्व सरपंच शंभू सिंह के मकान पर भी हुआ। धमाके के साथ उछले पत्थरों से उनके घर की छत पर लगी चद्दरें टूट गईं। इस घटना के बाद पूरे गांव में चिंता का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि जिस योजना की टेस्टिंग में ही ऐसी दिक्कतें आ रही हैं, उससे भविष्य में पानी मिलेगा या खतरा, यह एक बड़ा सवाल है।
