लोन दिलाने के नाम पर एटीएम और मोबाइल ऐंठा

भोपाल। लोन दिलाने के बहाने सीधे-साधे लोगों के बैंक खातों और एटीएम कार्ड का दुरुपयोग कर साइबर ठगी की रकम खपाने वाले गिरोह का खुलासा हुआ है। हबीबगंज थाना क्षेत्र के अनूप शर्मा को उनके परिचित रीतेश मीणा ने खाते से लोन दिलाने का झांसा दिया। आरोपी ने लोन प्रक्रिया पूरी करने के बहाने बैंक खाते का एटीएम कार्ड और मोबाइल फोन मांगने के लिए सोमवार को लालघाटी चौराहे पर बुलाया। वहां आरोपी ने अनूप शर्मा से एटीएम कार्ड और जिओ सिम लगा वीवो कंपनी का मोबाइल फोन अपने कब्जे में ले लिया।

आरोपी रीतेश मीणा द्वारा मोबाइल और एटीएम वापस न करने पर पीडि़त को अनहोनी की आशंका हुई। जब पीडि़त ने बैंक शाखा पहुंचकर पासबुक के जरिए अपना बैंक स्टेटमेंट निकाला, तो चौंकाने वाली जानकारी सामने आई। उनके खाता में अज्ञात व्यक्ति द्वारा अचानक 50 हजार रुपये जमा कराए गए थे और रीतेश मीणा ने एटीएम का इस्तेमाल कर तुरंत 40 हजार रुपये निकाल लिए थे। बैंक कर्मचारियों ने जांच के बाद स्पष्ट किया कि खाते में आई राशि किसी लोन की नहीं, बल्कि किसी निजी व्यक्ति द्वारा भेजी गई संदिग्ध रकम है।

पीड़ित द्वारा आसपास की छानबीन करने पर पता चला कि आरोपी रीतेश मीणा शहर में एक संगठित गिरोह की तरह काम कर रहा है। वह लोगों को बैंक से आसानी से लोन दिलाने का लालच देकर उनके एटीएम कार्ड और मोबाइल फोन अपने पास जमा कर लेता है। इसके बाद इन खातों को साइबर अपराधियों को सौंपकर ठगी की राशि इनमें ट्रांसफर कराई जाती है। साइबर क्राइम पोर्टल या पुलिस में शिकायत होने पर जब संबंधित बैंक खाते होल्ड या फ्रीज होते हैं, तब असली खाताधारक कानूनी पचड़े में फंस जाता है, जबकि मुख्य शातिर रकम निकालकर चंपत हो जाते हैं।

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