नयी दिल्ली, 03 अगस्त (वार्ता) तृणमूल कांग्रेस के नेता डेरेक ओ ब्रायन ने बिहार के बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की हार को सत्तारूढ़ दल के लिए ‘अंत की शुरुआत’ बताया है। बांकीपुर सीट की मतगणना में जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर की बड़ी बढ़त का हवाला देते हुए उन्होंने सोमवार को दावा किया कि यह परिणाम भाजपा के नेतृत्व और उसकी राजनीतिक रणनीति के प्रति जनता के बढ़ते असंतोष को दर्शाता है। श्री ब्रायन ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में बिहार में भाजपा के संगठनात्मक फैसलों का मजाक उड़ाया। उन्होंने विशेष रूप से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधा तथा घटनाओं का एक ऐसा क्रम पेश किया, जो अंततः उपचुनाव में पार्टी की हार का कारण बना।
श्री ब्रायन ने घटनाक्रम को सूचीबद्ध करते हुए लिखा, “अंत की शुरुआत।” उन्होंने इसी पोस्ट में आगे लिखा : “‘पहला दृश्य- मोदी-शाह ने बिहार के एक गुमनाम विधायक को उठाकर अपना रबर स्टैंप राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया। दूसरा दृश्य- बांकीपुर विधानसभा सीट खाली होती है, जिसे भाजपा ने 52,000 वोटों से जीता था,तीसरा दृश्य- भाजपा उम्मीदवार की घोषणा करती है और फिर उसे बदल देती है,चौथा दृश्य- उपचुनाव में भाजपा की करारी हार होती है।”
उन्होंने तर्क दिया कि लगभग 52,000 वोटों के अंतर से जीती हुई सीट पर भाजपा की हार के बड़े राजनीतिक मायने हैं और यह दिखाता है कि मतदाता अब पार्टी से मुंह मोड़ने लगे हैं। भाजपा के मौजूदा विधायक को पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद पर प्रोन्नत किये जाने के बाद बांकीपुर विधानसभा सीट खाली हुई थी, जिसके चलते यहां उपचुनाव कराना पड़ा। राज्य में आगामी चुनावी लड़ाइयों से पहले बिहार में भाजपा के लिए एक शुरुआती राजनीतिक परीक्षा के रूप में इस मुकाबले पर सभी की निगाहें थीं। विपक्षी दलों ने इस नतीजे को भाजपा के घटते जनाधार के संकेत के रूप में पेश किया है, जबकि सत्तारूढ़ दल का मानना है कि उपचुनाव के नतीजों को उसकी चुनावी ताकत पर किसी व्यापक जनमत संग्रह के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।

