
मंदसौर। आषाढ़ मास की कृष्ण पक्ष की अमावस्या के पावन अवसर पर लदुसा स्थित भगवान लक्ष्मी नारायण (श्री सांवरिया सेठ) मंदिर में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। इस विशेष दिन हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने भगवान के दर्शन कर पुण्य लाभ कमाया। मंदिर में प्रति माह कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को दानपात्र खोलने की परंपरा के तहत इस बार 13 जुलाई 2026, सोमवार (संवत 2083) को दानपात्र खोले गए। इस दौरान कुल 12 लाख 21 हजार 700 रुपये की नकद राशि और विदेशी नोट प्राप्त हुए। इसके साथ ही भक्तों द्वारा आस्था स्वरूप चढ़ाए गए चांदी के मकान, चांदी की बांसुरी और चांदी के अफीम के डोडे (पौधे) जैसी कई अनूठी वस्तुएं भी दान में मिलीं, जो इस पुण्य धरा के प्रति श्रद्धालुओं की गहरी और अटूट आस्था को दर्शाती हैं।
वर्तमान परिदृश्य में देश के विभिन्न मंदिरों में दान राशि की चोरी जैसी गंभीर घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे न केवल सनातन धर्म और आस्था से जुड़े लोगों की भावनाएं आहत होती हैं, बल्कि उन तत्वों को भी बढ़ावा मिलता है जो सनातन धर्म को कमजोर करने की ताक में रहते हैं। इन परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए मंदिर समिति ने पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखने के लिए एक सराहनीय कदम उठाया है। मंदिर का पूरा वित्तीय लेनदेन अब चेक और बैंक के माध्यम से ही किया जाता है। इसके लिए समिति का केवल एक ही अधिकृत रजिस्टर्ड बैंक खाता संचालित है। मंदिर निर्माण के समय से जुड़े सभी 51 सदस्य आज भी पूरी तरह सक्रिय हैं और मंदिर की कोई भी कार्ययोजना बिना पूर्व सूचना व सर्वसम्मति के आगे नहीं बढ़ाई जाती। इस मंदिर के संचालन और व्यवस्थाओं में गांव के सर्व समाज का अनूठा योगदान है। जब भी यहाँ कोई बड़ा धार्मिक आयोजन होता है, तो यज्ञशाला, भोजनशाला, पेयजल और पार्किंग जैसी तमाम व्यवस्थाओं को युवा से लेकर बुजुर्ग तक अपने-अपने दायित्वों के अनुसार संभालते हैं। इस बेमिसाल एकता और सेवा भाव की क्षेत्र के लोग मुक्त कंठ से प्रशंसा करते हैं।
इस पुण्य क्षेत्र के विकास पर अब सरकार का भी विशेष ध्यान है। मंदिर समिति के पंडित महेश व्यास (लदुसा) ने बताया कि प्रदेश के उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा के विशेष प्रयासों से लदुसा गांव को चारों तरफ से सुगम सड़कों के माध्यम से जोड़ा जा रहा है। इससे न केवल दर्शनार्थियों को सुचारू मार्ग मिलेगा, बल्कि ग्रामीणों के लिए रोजगार के नए अवसर खुलेंगे और शिक्षा व स्वास्थ्य सहित हर क्षेत्र में गांव का तेजी से विकास होगा। हाल ही में डिंगाव से वाया लदूसा होकर सीतामऊ-दलोदा रोड को जोड़ने वाला टू-लेन मार्ग बनकर तैयार हो चुका है। इसके अलावा, वर्ष 2024 के बजट प्रावधानों के तहत धमनार, धुंधडका, बाबरेचा से वाया लदुसा होकर रसलपुर के रास्ते सीधे मंदसौर को जोड़ने वाले मार्ग पर काम होना है। इसी कड़ी में एक अन्य सड़क मार्ग ग्राम पीड़ा से वाया लदुसा होकर ग्राम मोरखेड़ा को जोड़ेगा। इन जनहितैषी विकास कार्यों के लिए मंदिर समिति और समस्त ग्रामवासियों ने उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा का आभार व्यक्त किया है।
इस माह की अमावस्या पर आयोजित भव्य महाआरती और महाप्रसाद के लाभार्थी लदुसा के श्री बसंती लाल टेलर और खेजडिया (सीतामऊ) के दिनेश टेलर रहे। मंदिर समिति ने देश-प्रदेश के सभी श्रद्धालुओं से आह्वान किया है कि वे अधिक से अधिक संख्या में लदुसा पधारकर भगवान सांवरिया सेठ के दर्शन करें और धर्म लाभ उठाएं।
