जबलपुर : जबलपुर विकास प्राधिकरण की योजनाओं का मुख्य उद्देश्य शहर का चहुंमुखी विकास करना है। जब प्राधिकरण के तकनीकी कार्य और इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स समय पर पूरे होंगे, तभी सामान्य जन इन योजनाओं का वास्तविक और अधिकतम लाभ उठा सकेंगे। जेडीए शहर को आधुनिक और सर्वसुविधायुक्त बनाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है। यह बातें जबलपुर विकास प्राधिकरण अध्यक्ष संदीप जैन ने प्राधिकरण की प्रमुख शाखाओं संपत्ति शाखा, भू-अर्जन शाखा एवं तकनीकी शाखा के कार्यों की समीक्षा बैठक लेते हुए कहीं।
बैठक के दौरान अध्यक्ष संदीप जैन ने प्रत्येक शाखा की वर्तमान प्रगति रिपोर्ट का बारिकी से अवलोकन करते हुए अधिकारियों व कर्मचारियों को निर्देशित किया कि शहर के विकास और आम जनता से जुड़ी सभी योजनाओं को पूरी गंभीरता के साथ समय – सीमा में पूर्ण किया जाए। आम जनता से जुड़े संपत्ति हस्तांतरण, भू-आवंटन और तकनीकी स्वीकृति जैसे मामलों में किसी भी प्रकार का विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सभी लंबित कार्यों का त्वरित निराकरण कर हितग्राहियों को समय पर योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ सुनिश्चित किया जाए।
अध्यक्ष संदीप जैन ने प्राधिकरण की चल रहे प्रोजेक्ट्स की प्रगति पर नाराजगी जाहिर करते हुए स्पष्ट किया कि सभी तकनीकी और निर्माण कार्यों को एक निश्चित समय सीमा के भीतर ही पूर्ण किया जाए। कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या लेटलतीफी को गंभीरता से लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि समय पर काम पूरा होने से ही प्राधिकरण द्वारा किए जा रहे प्रयासों का सीधा लाभ आम जनता तक पहुंचेगा।
समस्याओं, बाधाओं का त्वरित समाधान हो
समीक्षा के दौरान अध्यक्ष जैन ने अधिकारियों एवं कर्मचारी से कार्यों के क्रियान्वयन में आने वाली व्यावहारिक दिक्कतों और व्यवधानों की भी जानकारी ली। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों या प्रशासनिक प्रक्रियाओं में जो भी समस्याएं या बाधाएं आ रही हैं, उनके त्वरित और स्थायी समाधान के लिए नीतियों में आवश्यक सुधार कर काम को और अधिक गति दी जा सके। प्राधिकरण की तकनीकी शाखा के अंतर्गत चल रहे एवं आगामी निर्माण कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में जेडीए अध्यक्षक ने शहर के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और विकास कार्यों को नई गति देने के लिए अधिकारियों को कई अहम दिशा-निर्देश जारी किए।
फील्ड में उतरकर देखे गुणवत्ता-गति
बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी कार्यपालन यंत्री प्रशासकीय अधिकारी संपत्ति अधिकारी, भू-अर्जन अधिकारी और कनीकी शाखा के सभी सहायक यंत्री एवं उपयंत्री उपस्थित रहे, जिन्हें अध्यक्ष ने फील्ड पर जाकर कार्यों की गुणवत्ता और गति की निरंतर निगरानी करने निर्देश दिये।
