
जबलपुर। दुनिया में कभी कोई चीज बिना लड़े नहीं हुई है, जबलपुर को मप्र की दूसरी राजधानी बनाने के लिए अड़ना चाहिए, आप अड़ोगे तभी सभी चीजें होंगीं। मप्र सरकार का अधिकतर डेवलपमेंट और इन्वेस्टमेंट पश्चिमी मध्यप्रदेश यानि इंदौर, देवास में हो रहा है ऐसे में जबलपुर सहित पूर्वी मप्र के साथ न्याय कैसे होगा।
ये बातें राज्यसभा सांसद सदस्य विवेक कृष्ण तन्खा ने गुरूवार को जेसीसीआई के कार्यक्रम में भाषण के दौरान कहीं। साथ ही उन्होंने अपने एक्स एकाउंट में स्पष्ट ट्वीट किया कि जबलपुर को मध्यप्रदेश की दूसरी राजधानी बनाने की लड़ाई जारी रखनी चाहिए। साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्तमान में जबलपुर सहित मप्र का पूर्वी हिस्सा विकास में पिछड़ चुका है। मौजूदा हालात तो ये हैं कि जबलपुर को जो मिला है अब उसका भी विभाजन हो रहा है जैसे मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी। जबकि हमारे जबलपुर को कुछ नया नहीं मिला है। इसलिए जबलपुर को मप्र की दूसरी राजधानी घोषित करने की मांग पूरे जबलपुर के युवा वर्ग सहित सभी को करनी चाहिए।
