
जबलपुर। नगर निगम मुख्यालय और सभी संभागीय कार्यालयों में आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई नागरिकों के लिए राहत भरी साबित हुई। मुख्यालय में आयोजित सुनवाई के दौरान अपर आयुक्त अशफाक परवेज कुरैशी ने लगातार दो घंटे तक नागरिकों की समस्याओं को सुना और प्राप्त सभी 59 आवेदनों पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इस अवसर पर सभी आवेदक काम कराकर चेहरों पर मुस्कान लेकर लौटे। जनसुनवाई में आज कुल 59 प्रकरण प्राप्त हुए जिसमें से 5 प्रकरण आपसी विवाद के चिन्हित कर प्रकरणों को कछपुरा संभाग स्थित सामुदायिक मध्यस्थता केंद्र में समझौते के लिए भेजे गए, जहॉं पर दो प्रकरणों में आपसी सहमति से विवाद समाप्त हुआ। इस प्रकार कछपुरा संभाग के मध्यस्थता केन्द्र में राज्य विधि सेवा प्राधिकरण के अंतर्गत प्रशिक्षित सामुदायिक मध्यस्थ के द्वारा एक बार फिर मानवता और आपसी समझदारी की मिसाल पेश की। केंद्र की सकारात्मक पहल से दो पक्षों के बीच चल रहा पुराना गतिरोध पूरी तरह समाप्त हो गया। इस संबंध में सामुदायिक मध्यस्था केन्द्र के प्रभारी अधिकारी श्रीमती अंकिता जैन एवं नोडल अधिकारी दिनेश प्रताप सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि दोनो प्रकरण में जल समस्या तथा झाड़ झंकाड़ की छटाई आदि से संबंधित थे। इन दोनों पर त्वरित कार्यवाही कर आपसी सहमति के साथ दोनो प्रकरणों का निप्टारा मीडियेटर सानिध्य उपाध्याय और श्रीमती पूनम यादव ने मध्यस्था केन्द्र के माध्यम से कराया गया। आवेदिका अरुणा शर्मा एवं आवेदक गौरव रजक के बीच कुछ मुद्दों को लेकर विवाद चल रहा था, जिसका आवेदन मध्यस्थता केंद्र में लंबित था। आज काउंसलिंग और मध्यस्थता के दौरान दोनों पक्षों ने खुले दिल से एक-दूसरे की बात सुनी। केंद्र के प्रयासों और सौहार्दपूर्ण वातावरण का असर यह हुआ कि दोनों पक्षों ने अपनी सभी समस्याओं का संतुष्टिपूर्ण निराकरण कर लिया। विवाद सुलझने के बाद दोनों ही पक्ष बेहद खुश और संतुष्ट नजर आए। वर्षों की कड़वाहट को भूलकर जब दोनों ने एक-दूसरे से मुस्कुराकर बात की, तो वहां मौजूद हर व्यक्ति का दिल भर आया। प्रसन्नता के इस ऐतिहासिक क्षण में मध्यस्थता केंद्र के सदस्यों द्वारा श्रीमती अरुणा शर्मा और गौरव रजक को पुष्पगुच्छ भेंट कर और फूलमाला पहनाकर उनका आत्मीय स्वागत किया गया। कछपुरा संभाग में दोनों पक्षों ने जिस समझदारी का परिचय दिया है, वह समाज के लिए एक प्रेरणा है। इस सफल निराकरण ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि अगर हृदय साफ हो और बातचीत का माहौल सकारात्मक हो, तो बड़े से बड़े विवाद को भी आपसी सहमति से सुलझाया जा सकता है। संभाग स्तर पर कुल 35 आवेदन प्राप्त हुए। संभागीय अधिकारियों ने सक्रियता दिखाते हुए सभी 35 आवेदनों का निराकरण मौके पर ही सुनिश्चित किया। जनसुनवाई के दौरान उपायुक्त अंकिता जैन, सहायक आयुक्त रचयिता अवस्थी, गुलाब इमवाती, सुनील दुबे, विष्णु, देवेंद्र पटेल, असद, सतीश मिश्रा, व समस्त विभागीय प्रमुख व प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
