इंदौर: लगातार आठ बार देश में स्वच्छता में अव्वल रहने वाला इंदौर शहर इन दिनों भीषण जल संकट की चपेट में है. कई क्षेत्रों में तो स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं. भीषण गर्मी में जल संकट और भी ज्यादा गहराने लगा है. पहले जैसे-तैसे लोग पानी की जुगाड़ कर लेते थे, पर अब हालात यह हो गए हैं कि जिस क्षेत्र में जाओ बोरिंग, टैंकरों और टंकियों पर खाली बर्तनों के अंबार दिखाई देते हैं.
मामला पालदा क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 75 से सामने आया है, जहां भीषण जल संकट से जूझ रहे श्रीराम नगर के रहवासियों का कहना है कि लंबे समय से क्षेत्र में पेयजल व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है. नर्मदा लाइन से पानी की आपूर्ति बंद होने के साथ ही नगर निगम के टैंकर भी क्षेत्र तक पर्याप्त संख्या में नहीं पहुंच पा रहे हैं. स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि लोगों को एक-एक बाल्टी पानी के लिए दूर-दराज के इलाकों का रुख करना पड़ रहा है.
पानी की समस्या के समाधान की मांग को लेकर क्षेत्रीय पार्षद कुणाल सोलंकी ने क्षेत्रवासियों के साथ स्वयं सड़क पर उतरकर चक्काजाम किया और नगर निगम के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया. स्थिति को देख अधिकारियों द्वारा लगातार आश्वासन दिए गए, लेकिन धरातल पर कोई ठोस व्यवस्था नजर नहीं आ रही है. क्षेत्र में दो बोरवेल की मांग की गई थी, लेकिन अब तक केवल एक बोरवेल लगाया गया है, जो चालू ही नहीं हो सका है.
वहीं दो अतिरिक्त छोटा टैंकर उपलब्ध कराए गए हंै, जो क्षेत्र की जरूरतों के मुकाबले नाकाफी साबित हो रहे हैं. इतना ही नहीं, पानी की टंकी पर शाम 7 बजे ताले डल जाते हैं, जिससे और टैंकर नहीं भर पा रहे हैं. इससे लोगों में भारी नाराजगी व्याप्त है. इस वार्ड से कांग्रेस पार्षद जीतने और भाजपा के हारने के कारण पक्षपात के आरोप भी लग रहे हैं.
यह बोले वार्डवासी…
इस भयावह जल संकट में घर के बच्चे रात को चार बजे उठकर आसपास के क्षेत्र से पानी लाते हैं, हम हमारे क्षेत्र में नर्मदा लाइन चाहते हैं, ताकि दोबारा इस संकट से नहीं गुजरें.
– आशा राठौर
इतना आंदोलन किया, अधिकारियों से मिन्नतें कीं, पार्षद तो अधिकारियों के आगे लेट तक गए, पर कोई फायदा नहीं निकला. एक-दो दिन छोड़कर पानी के टैंकर आते हैं, अब निगम क्षेत्र में नर्मदा लाइन डाले.
– निखिल माझी
40 साल हो गए नर्मदा की लाइन के वादे सुनते-सुनते, कई पार्षद आए, लेकिन आज तक नगर निगम ने नर्मदा की लाइन क्षेत्र में नहीं डलवाई. क्षेत्र में पानी की किल्लत के अलावा कोई दिक्कत नहीं.
– राधे-राधे
क्षेत्र में जल्दी नर्मदा लाइन बिछाएंगे
क्षेत्र की मुख्य सड़क से झोन 18 की नर्मदा लाइन गुजर रही है, जल्दी क्षेत्र में लाइन बिछाएंगे, नए बोरिंग से पानी नहीं आया, एक और बोरिंग का प्रयास कर रहा हूं. क्षेत्र बड़ा है, दो टैंकर और चाहिए. पानी की टंकी का समय शाम 7 से बढ़कर रात्रि 12 बजे तक होना चाहिए.
– कुणाल सोलंकी, पार्षद
