इंदौर: द डेली कॉलेज के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स की नई संरचना अब पूरी तरह स्पष्ट हो गई है. हाल ही में संपन्न चुनाव प्रक्रिया और राज्य शासन द्वारा दो प्रतिनिधियों की नियुक्ति के साथ 10 सदस्यीय नए बोर्ड का गठन पूर्ण हो चुका है. इसे संस्थान के प्रशासनिक इतिहास में एक महत्वपूर्ण चरण माना जा रहा है. राज्य शासन ने बोर्ड में अपने प्रतिनिधियों के रूप में सेवानिवृत्त उच्च न्यायालय न्यायाधीश सुभाष राव काकड़े और अतिरिक्त महाधिवक्ता राहुल सेठी को नामित किया है. इनके शामिल होने से बोर्ड की प्रशासनिक और वैधानिक मजबूती बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है.
नए बोर्ड में विक्रम सिंह पवार की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी. पुराने दानदाता वर्ग 2(बी)(1) के अंतर्गत विक्रम सिंह पवार और प्रियव्रत सिंह खींची निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं, जबकि न्यू डोनर श्रेणी 2(बी)(2) से हरपाल सिंह भाटिया ‘मोनू’ को विजयी घोषित किया गया है. ओल्ड डेलियन एसोसिएशन की ओर से उपाध्यक्ष नवनीत बागड़ी और मीडिया प्रभारी नीलेश अग्रवाल को प्रतिनिधित्व मिला है. इसके अलावा ‘स्पेशल रिकग्निशन’ श्रेणी से निपुण अग्रवाल को सदस्य नामित किया गया है.
अभिभावक प्रतिनिधियों के रूप में करण नरसरिया और संजय पाहवा को बोर्ड में शामिल किया गया है. संशोधित संविधान के अनुसार इस बार बोर्ड ऑफ गवर्नर्स में कुल 10 सदस्य निर्धारित हैं और सभी पदों के भर जाने के साथ नई संरचना पूर्ण हो गई है. संस्था से जुड़े लोगों का मानना है कि नए बोर्ड के गठन से संस्थान को अधिक स्थिरता, पारदर्शिता और संस्थागत मजबूती मिलेगी तथा यह अपने मूल उद्देश्य—उत्कृष्ट शिक्षा, अनुशासन, मूल्यों और नेतृत्व निर्माण की दिशा में और प्रभावी रूप से आगे बढ़ सकेगा.
