
रीवा। मध्य प्रदेश के देवास जिले में हाल ही में एक पटाखा फैक्ट्री में हुई दुखद अग्नि दुर्घटना के बाद प्रदेश भर में प्रशासन मुस्तैद हो गया है। इसी क्रम में रीवा जिला कलेक्टर के निर्देशानुसार गुढ़ तहसील क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लेने के लिए प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम ने पटाखा दुकानों का सघन निरीक्षण किया।
सुरक्षा मानकों की जांच गुढ़ एसडीएम सुधाकर सिंह और थाना प्रभारी शैल यादव ने दलबल के साथ क्षेत्र की विभिन्न पटाखा दुकानों और उनके भंडारण स्थलों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने मुख्य रूप से अग्नि सुरक्षा उपकरणों, लाइसेंस की वैधता, स्टॉक की सीमा और दुकान की बनावट की जांच की। निरीक्षण के दौरान संतोषजनक स्थिति पाई गई एसडीएम सुधाकर सिंह ने बताया कि अधिकांश दुकानों में आग पर काबू पाने के लिए आवश्यक यंत्र जैसे फायर अग्निशामक यंत्र रेत से भरी बाल्टियाँ और पानी की पर्याप्त व्यवस्था मौजूद थी। दुकानदारों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे इन उपकरणों को हमेशा कार्यशील अवस्था में रखें।
निरीक्षण के दौरान दिए गए आवश्यक दिशा निर्देश
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने हिदायत देते हुए कहा कि दुकानों के आसपास किसी भी प्रकार का ज्वलनशील पदार्थ या धूम्रपान पूरी तरह प्रतिबंधित रहे। लाइसेंस में निर्धारित मात्रा से अधिक पटाखों का भंडारण न किया जाए। पटाखों की दुकानों के बीच पर्याप्त दूरी सुनिश्चित की जाए ताकि किसी भी आपात स्थिति में आग फैलने का खतरा कम हो। बिजली के तारों की फिटिंग सुरक्षित हो ताकि शॉर्ट सर्किट की संभावना न रहे।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने क्या कहा
एसडीएम सुधाकर सिंह ने कहा देवास जैसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए हम पूरी तरह सतर्क हैं। सुरक्षा मानकों में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।सभी दुकानदारों को स्पष्ट कर दिया गया है कि नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर लाइसेंस निरस्त कर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। थाना प्रभारी शैल यादव ने भी क्षेत्रवासियों से अपील की है कि वे किसी भी अवैध भंडारण की सूचना तत्काल पुलिस को दें ताकि समय रहते सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
