
सारनी। 50 लाख रुपए की लागत से वर्ष 2013 में बनकर तैयार हुआ पार्क खंडहर में तब्दील हो गया है। मप्र पर्यटन विकास निगम द्वारा बैतूल डेस्टिनेशन डेवलपमेंट परियोजना अंतर्गत सतपुड़ा डेम किनारे साल 2012-2015 के बीच पार्क निर्माण किया गया था। सुपुर्दगी के अभाव में रखरखाव नहीं होने से पार्क खंडहर में तब्दील हो गया है। मप्र पर्यटन विकास निगम द्वारा प्रारंभ में सतपुड़ा ताप गृह प्रबंधन को पार्क सौंपने की बात कही जा रही थी। लेकिन पॉवर हाउस प्रबंधन को और नगरपालिका प्रशासन को पार्क नहीं सौंपा गया। जिसके चलते रखरखाव के अभाव में पूरी तरह खंडहर में तब्दील हो गया है। असमाजिक तत्वों ने समय रहते पार्क के कीमती सामानों पर हाथ साफ कर दिया। लोहे की फेसिंग, सीट, लाइट, टाइल्स, गेट, छत समेत सभी जरूरी सामग्री असामाजिक तत्व चोरी कर अपने साथ ले गए। अब 50 लाख का पार्क पूरी तरह जर्जर अवस्था में पहुंच गया है। अब यहां नगरपालिका करोड़ों रुपए खर्च करने पर जोर दे रही है। जबकि यह पार्क इन दिनों मयखाना बनकर रह गया है।
