हैदराबाद | भारतीय फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान (FTII), पुणे के लिए एक गौरवशाली उपलब्धि के रूप में, छात्र मेहर मल्होत्रा द्वारा निर्देशित शॉर्ट फिल्म ‘शैडोज ऑफ द मूनलेस नाइट्स’ को 79वें कान्स फिल्म फेस्टिवल के ‘ला सिनेफ’ (La Cinef) सेक्शन के लिए चुना गया है। FTII ने सोशल मीडिया पर फिल्म का पोस्टर साझा करते हुए इस उपलब्धि की घोषणा की। यह शॉर्ट फिल्म दुनिया भर के फिल्म स्कूलों से प्राप्त 2,750 प्रविष्टियों में से चुनी गई चुनिंदा फिल्मों में से एक है। 12 मई से 23 मई 2026 तक फ्रांस के कान्स शहर में आयोजित होने वाले इस महोत्सव में फिल्म का वर्ल्ड प्रीमियर होगा, जो उभरते हुए भारतीय फिल्मकारों के लिए एक बड़ी अंतरराष्ट्रीय पहचान है।
मेहर मल्होत्रा द्वारा निर्देशित यह 24 मिनट की पंजाबी भाषा की शॉर्ट फिल्म एक फैक्ट्री मजदूर के संघर्षपूर्ण जीवन पर आधारित है। फिल्म की कहानी रात की शिफ्ट में काम करने वाले एक श्रमिक के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अत्यधिक थकान और शहरी मजदूरी के कारण होने वाली नींद की कमी के मानसिक व शारीरिक बोझ से जूझ रहा है। मेहर मल्होत्रा, जो FTII के 2020 बैच के छात्र हैं, ने इस फिल्म के माध्यम से औद्योगिक जीवन की विसंगतियों और मानवीय संवेदनाओं को पर्दे पर उतारा है। 2017 के बाद से यह FTII की पांचवीं स्टूडेंट फिल्म है जिसे कान्स के ‘ला सिनेफ’ प्रोग्राम में स्थान मिला है।
इस ऐतिहासिक चयन पर निर्देशक मेहर मल्होत्रा ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए इसे एक सपने के सच होने जैसा बताया। उन्होंने इंस्टाग्राम पर एक भावुक पोस्ट में लिखा कि एक कलाकार का जीवन सरल नहीं होता, लेकिन ऐसे पल सपनों पर विश्वास जगाते हैं। उन्होंने इस सफलता का श्रेय अपनी टीम के अटूट विश्वास और हुनर को दिया। मेहर ने बताया कि यह फिल्म उन सभी लोगों के नाम है जिन्होंने इस रचनात्मक यात्रा में उनका साथ दिया। कान्स फिल्म फेस्टिवल का ‘ला सिनेफ’ सेक्शन दुनिया भर की सर्वश्रेष्ठ छात्र फिल्मों को समर्पित है, और इसमें स्थान पाना भारतीय सिनेमा के भविष्य के लिए एक सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

