
शिवपुरी। भाजपा विधायक प्रीतम लोधी को पार्टी की तरफ से नोटिस जारी कर तीन दिन में जवाब मांगा गया है। बुधवार को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की तरफ से विधायक लोधी को नोटिस जारी किया गया। नोटिस में कहा गया है कि पिछले कुछ दिनों में आपके द्वारा किया गया आचरण अत्यंत आपत्तिजनक है, जो पार्टी के अनुशासन के अनुरूप नहीं है। नोटिस में स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि विधायक को 3 दिन के भीतर अपने आचरण पर अपना पक्ष रखना होगा। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि तय समय सीमा के भीतर स्पष्टीकरण नहीं दिया जाता है, तो उनके विरुद्ध कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। इस नोटिस की प्रतिलिपि पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं और राज्य के शीर्ष पदाधिकारियों को भी भेजी गई है। इसमें भाजपा के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश, क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल, मुख्यमंत्री मोहन यादव, मध्य प्रदेश भाजपा प्रदेश प्रभारी महेंद्र सिंह, प्रदेश सह प्रभारी सतीश उपाध्याय शामिल है।
*आईपीएस एसोसिएशन ने कार्रवाई की मांग की थी*
इससे पहले मध्यप्रदेश भारतीय पुलिस सेवा एसोसिएशन ने भी विधायक के बयान को आपत्तिजनक बताते हुए उसकी निंदा की थी। उन्होंने मामले में विधायक के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की थी। वहीं प्रदेश के कर्मचारी संगठनों ने भी विधायक के अधिकारियों को धमकाने के मामले पर कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
*विधायक ने एसडीओपी को दी थी धमकी*
भाजपा विधायक प्रीतम लोधी के बेटे की धार गाड़ी ने पांच लोगों को 16 अप्रैल को टक्कर मार दी थी। इस मामले में भाजपा विधायक प्रीतम लोधी के बेटे के खिलाफ एसडीओपी आयुष जाखड़ ने कार्रवाई की। इस पर विधायक ने उन्हें ‘करैरा तेरे डैडी का नहीं है’ और सरकारी आवास में गोबर भर देने की धमकी दी। विधायक ने यह तक कहा कि तुमको दिल्ली से निर्देश मिल रहे है, किससे निर्देश मिल रहे है, उनका नाम बताएं। विधायक ने एसडीओपी को धमकी देते हुए कहा कि उनका बेटा करैरा आएगा और अब वहां से चुनाव भी लड़ेगा तेरे डैडी में दम हो तो रोक लेना…। इस तरह की भाषा के बाद विधायक के खिलाफ कार्रवाई की लगातार मांग उठ रही है।
