सतना : जिल के कई गांव में चंदन के पेड़ों को काटकर चुरा ले जाने की घटनाएं पिछले काफी समय से रह रह कर सामने आती रही हैं. इसी कड़ी में पखवाड़े भर में 2 स्थानों पर चंदन के पेड़ काटकर चुरा लिए जाने सामने आ चुकी है.लेकिन इसके बावजूद भी इन घटनाओं में शामिल गिरोह के विरुद्ध कार्रवाई के मामले में पुलिस के हाथ खाली ही रहे हैं.प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले के नागौद थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम कचनार में सेवा निवृत्त फौजी पुष्पेंद्र सिंह का घर स्थित है. उन्होंने अपने घर की बगिया में 20 चंदन के वृक्ष लगा रखे हैं. जिनमें से अधिकांश पेड़ों की उम्र लगभग 50 वर्ष हो चुकी है.
रविवार की सुबह जब पुष्पेंद्र और उनके परिजनों की नजर बगिया की ओर गई तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई. दरअसल उनकी बगिया में लगे चंदन के 2 बड़े वृक्ष कटकर नदारद हो चुके थे. वृक्ष के स्थान पर उनके ठूंठ ही दिखाई दे रहे थे. परिजनों ने ध्यान दिया तो चंदन के 2 और वृक्षों पर चीरा लगा हुआ मिला. इतना ही नहीं बल्कि बगिश में लगे अन्य पेड़ों को भी तहस नहस कर दिया गया था. जिसे देखते हुए नागौद थाने में मामले की शिकायत की गई. प्राप्त शिकायत के आधार पर पुलिस ने प्रकरण दर्ज करते हुए जांच शुरु कर दी है. गौरीतलब है कि इसी पखवाड़े भर पहले 1 अप्रैल को भी उचेहरा थाना क्षेत्र अंतर्गत अतरवेदिया कला गांव में अज्ञात बदमाशों ने एक बगिया में लगे चंदन के 5 पेड़ काटकर चुरा लिए थे. काटे गए सभी पड़े लगभग 25 वर्ष पुराने बताए गए थे.
सक्रिय है गिरोह
किसी गांव में पहुंचकर वहां पर लगे चंदन के बड़े पेड़ को काटकर ले जाना किसी इक्के-दुक्के व्यक्ति के बस की बात नही हो सकती. इसके लिए एक ओर जहां आरा मशीन लगती है वहीं दूसरी ओर पेड़ को लादकर ले जाने के लिए किसी वाहन की आवश्यकता भी होती है. लिहाजा स्पष्ट है कि चंदन के पेड़ों की चोरी को लेकर कोई गिरोह सक्रिय है जो लगातार इस तरह की घटनाओं को अंजाम दे रहा है. लेकिन इसके बावजूद भी इन मामलों में पुलिस के हाथ अब तक खाली हैं.
