नयी दिल्ली 27 मार्च (वार्ता) सरकार ने एक बार फिर दोहराया है कि पश्चिम एशिया संकट के कारण ऊर्जा आपूर्ति प्रभावित होने के बावजदू देश में अगले दो महीने के लिए कच्चा तेल, एलपीजी और एलएनजी पर्याप्त मात्रा में है और लोगों को अफवाहों पर ध्यान देने की जरूरत नहीं है।
देश में घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता देने के साथ-साथ अब वाणिज्यिक इस्तेमाल के लिए भी 70 प्रतिशत एलपीजी जारी की जा रही है। पीएनजी कनेक्शन को बढावा देने के लिए अब देश में प्रतिदिन लगभग 10 हजार से ज्यादा पीएनजी कनेक्शन दिए जा रहे हैं।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय में संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने पश्चिम एशिया की स्थिति पर शुक्रवार को अंतर मंत्रालय ब्रीफिंग में कहा कि इस संकट के कारण भले ही देश में ऊर्जा आपूर्ति प्रभावित हुई है लेकिन देश में पेट्रोल, डीजल , रसोई गैस एलपीजी और एलएनजी अगले दो महीने के लिए पर्याप्त मात्रा में है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने इस स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिये हैं। उन्होंने कहा, “आज की तारीख में हमारे पास कच्चे तेल, एलपीजी और एलएनजी का पर्याप्त भंडार है और अगले दो महीने के लिए आपूर्ति सुनिश्चित की गयी है। इसलिए कृपया किसी भी अफवाह पर विश्वास न करें, जरूरत होने पर ही खरीदारी करें और पेट्रोल पंप पर जो इतनी भीड़ है उसकी कोई आवश्यकता नहीं है। ”
अधिकारी ने कहा कि रिफाइनरी 100 प्रतिशत या उससे भी ज्यादा क्षमता पर काम कर रही है और एलपीजी का घरेलू उत्पादन लगभग 40 प्रतिशत बढ गया है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने स्थिति के अनुसार घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता देने का निर्णय लिया और इसी क्रम में वाणिज्यिक आपूर्ति को पहले कुछ समय के लिए रोका गया उसके बाद सोची समझी योजना के तहत पहले 20 प्रतिशत और फिर दस प्रतिशत बढाने के बाद हसे 50 प्रतिशत किया गया और आज इसको 70 प्रतिशत किया गया है। उन्होंने कहा कि इन सभी प्रयत्नों के फलस्वरुप पिछले 14 मार्च से कल तक लगभग 30000 टन वाणिज्यिक एलपीजी उपभोक्ताओं को दी गई है।
अधिकारी ने कहा कि इसमें रेस्तरां, ढाबा , होटल और औद्योगिक स्तर पर कैंटीन तथा प्रवासी श्रमिकों को प्राथमिकता दी जा रही है। उद्योगों में स्टील , ऑटोमोबाइल, कपड़ा, डाई रसायन और प्लास्टिक को प्राथमिकता दी जा रही है। श्रमिकों को भी पांच किलो के 30 हजार सिलेंडर दिए गए हैं।
श्रीमती शर्मा ने कहा कि अनेक देशों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों बढोतरी के बावजूद भारत में इनकी कीमत नहीं बढायी गयी है। उन्होंने कहा कि देश में पीएनजी कनेक्शन को बढावा देने के लिए अब प्रतिदिन लगभग 10 हजार से ज्यादा पीएनजी कनेक्शन दिए जा रहे हैं।
संयुक्त सचिव ने कहा कि जमाखोरी और कालाबाजारी पर नियंत्रण के लिए भी लगतार अभियान और छापे मारे जा रहे हैं। इस संबंध में 710 प्राथमिकियां दर्ज की गयी हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे किसी भी अफवाह पर विश्वास ना करें और जरूरत होने पर खरीदारी करें और पेट्रोल पंप पर जो इतना भीड़ है उसकी कोई आवश्यकता नहीं है।”
