जबलपुर : जनपद पंचायत मझौली की ग्राम पंचायत अभाना में सार्वजनिक वितरण प्रणाली की लापरवाही ने गरीब परिवारों के सामने बड़ा संकट खड़ा कर दिया था। ग्रामीणों के अनुसार यहां लगातार तीन महीनों तक राशन वितरण नहीं हुआ, जिससे सैकड़ों परिवारों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी। मजदूरी कर जीवन यापन करने वाले लोगों को मजबूरी में बाजार से महंगे दामों पर अनाज खरीदना पड़ रहा था।
ग्रामीणों ने बताया कि राशन वितरण का कार्य कर रहे रत्नेश भट्ट पर गबन का आरोप है जिसके बाद से वह वितरण केंद्र से गायब बताए जा रहे थे। ऐसे में बड़ा सवाल यह उठ रहा था कि जब विभाग को इस पूरे मामले की जानकारी थी, तो तीन महीने तक वैकल्पिक व्यवस्था क्यों नहीं की गई? हालांकि मामला सामने आने और खबर के प्रभाव के बाद खाद्य आपूर्ति विभाग हरकत में आया। कनिष्ठ खाद्य आपूर्ति अधिकारी निशा सावनेर ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण किया और तत्काल नेकलाल पटेल को नया सेल्समैन नियुक्त किया। इसके बाद अगले ही दिन गांव में राशन वितरण शुरू कर दिया गया। ग्रामीणों के साथ शिवम पटेल, सुनील रजक और अन्य ने बताया कि अब उन्हें पिछले चार महीनों का राशन एक साथ प्राप्त हो गया है, जिससे अब उन्हें राहत मिली है।
