सीहोर। जिस अवैध जमीन के लिए आरोपी ने अपने ही सगे छोटे भाई के मासूम बच्चों का खून बहाया, उनकी नृशंस हत्या करते हुए खून के रिश्तों को कलंकित किया. वही जमीन पर उसका अवैध कब्जा बरकरार नहीं रह सका. वन विभाग की टीम ने बुधवार को प्रभावी कार्रवाई करते हुए अवैध वन भूमि में बने मकान के अलावा 3. 67 हैक्टेयर भूमि को भी उसके कब्जे से आजाद कराया है.
जिले के आष्टा वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम धरमपुरी बीट में वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए वन भूमि पर किए गए अवैध कब्जे को हटाया. विभाग की टीम ने बुलडोजर चलाकर अवैध निर्माणाधीन मकान को ध्वस्त किया और करीब 3.67 हेक्टेयर वन भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया. यह कार्रवाई दो बच्चों की हत्या के मामले में आरोपी रहे हरिसिंह मालवीय द्वारा किए गए अवैध कब्जे के खिलाफ की गई.
वन विभाग के अनुसार आरोपी हरिसिंह मालवीय ने वन भूमि पर लंबे समय से अवैध कब्जा कर रखा था और वहां निर्माण कार्य भी शुरू कर दिया था. मामले की जानकारी मिलने के बाद विभाग ने जांच की, जिसमें अतिक्रमण की पुष्टि हुई. इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई.
बुधवार को रेंजर नवनीत झा के नेतृत्व में वन विभाग की टीम धरमपुरी पहुंची और बुलडोजर की मदद से निर्माणाधीन मकान सहित अन्य अवैध कब्जों को हटाया गया. कार्रवाई के दौरान स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए सिद्धिगंज थाना पुलिस का बल भी मौके पर तैनात रहा. पुलिस की मौजूदगी में पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई, ताकि किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो. इस कार्रवाई में परिक्षेत्र सहायक सिद्धिगंज एवं परिक्षेत्र रोलागांव का वन अमला भी मौजूद रहा. कार्रवाई में परिक्षेत्र सहायक शैलेश सिंह, कुमेर सिंह, वनरक्षक हुकुम परमार, राहुल परमार, जितेंद्र ठाकुर, हरिओम, दीपेश राठौर, बहादुर सिंह और राजेश सहित अन्य कर्मचारियों ने सक्रिय भूमिका निभाई.
गौरतलब है कि ग्राम धरमपुरी में हाल ही में भाई-बहन की दोहरी हत्या की घटना के बाद क्षेत्र में काफी चर्चा रही थी। इस मामले में आरोपी हरिसिंह मालवीय के खिलाफ पुलिस पहले ही कार्रवाई कर चुकी है। इसी दौरान वन विभाग की जांच में सामने आया कि आरोपी ने वन भूमि पर अवैध कब्जा कर निर्माण शुरू कर दिया था. वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. भविष्य में भी इस तरह के मामलों की लगातार निगरानी की जाएगी और जहां भी अतिक्रमण पाया जाएगा, वहां सख्त कार्रवाई की जाएगी. इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अतिक्रमण करने वालों के बीच हड़कंप का माहौल बना हुआ है.
धरना प्रदर्शन कर थाना प्रभारी को बर्खास्त करने की मांग
आष्टा. धरमपुरी में दो मासूम भाई-बहन की जघन्य हत्या के बाद क्षेत्र में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है. घटना के विरोध में सर्व समाज के लोगों ने भोपाल नाकापर धरना-प्रदर्शन कर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नाराजगी जताई.लोगों ने अपनी मांगों को लेकर एसडीएम को ज्ञापन सौंपा और चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गईं तो उग्र आंदोलन किया जाएगा. लोगों ने थाना प्रभारी राजू बघेल को तत्काल बर्खास्त करने की मांग की. साथ ही आरोपियों को फांसी की सजा देने, पीडि़त परिवार को दो करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने और आवास योजना के तहत पक्का मकान उपलब्ध कराने की मांग की गई. इसके अलावा मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराने की भी मांग रखी गई ताकि पीडि़त परिवार को जल्द न्याय मिल सके. प्रदर्शन के बाद लोगों ने नितिन टाले को ज्ञापन सौंपा. ज्ञापन सौंपने वालों में जिला पंचायत सदस्य कमलसिंह चौहान, सरपंच कृपालसिंह मालवीय, संजय अम्बेडकरवादी, देवकरण कुरल, गब्बर मालवीय, सुरेंद्र बाजखेड़ी, अखिलेश परमार, आनंद जाट, सागर सिंदल, सुनील जामलिया, राकेश जामलिया, लखन परमार, आनंद धावरी, विजेंद्र पेरवाल, अर्जुन पेरवाल, मुकेश मालवीय आदि उपस्थित रहे.
