विजयवाड़ा, 05 मार्च (वार्ता) आंध्र प्रदेश सरकार उच्च भार वाले क्षेत्रों में 200 से अधिक नए 33/11 केवी सबस्टेशनों के निर्माण के लिए 6,000 करोड़ रुपये का निवेश कर रही है, जिससे राज्य र में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित हो सकेगी।
राज्य के ऊर्जा मंत्री गोट्टीपति रवि कुमार ने गुरुवार को विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान विधायक अदिति विजयलक्ष्मी गजपति राजू, कोल्ला ललित कुमार और मुथुमुला अशोक रेड्डी के प्रश्न के उत्तर में यह जानकारी दी। उन्होंने आगे कहा कि बढ़ती मांग औद्योगिक विकास को गति दे रही है जिसके कारण दैनिक बिजली की खपत 26.3 करोड़ यूनिट से बढ़कर अनुमानित 28 करोड़ मिलियन यूनिट हो गई है।
उन्होंने कहा कि कृषि, व्यापार, घरेलू एवं औद्योगिक क्षेत्र प्रमुख योगदानकर्ता हैं, जिसके कारण सबस्टेशनों के साथ-साथ 400 केवी, 220 केवी और 132 केवी लाइनों का निर्माण किया जा रहा है। विजयनगरम जिले के वेणुगोपालपुरम में प्रमुख परियोजनाओं में से एक, 77 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित सबस्टेशन कार्यों के लिए पुनः निविदा प्रक्रिया चल रही है, जिसे मार्च 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य है। उन्होंने यह भी कहा कि 46 करोड़ रुपये की 220/132 केवी लाइनें चालू होने के लिए तैयार हैं।
ऊर्जा मंत्री ने कहा कि वह विशाखापत्तनम की तरह विजयनगरम में भूमिगत केबलिंग की जांच करेंगे जो कि धनराशि एवं आवश्यकता पर आधारित होगी। साथ ही, वह गिद्दलूर में प्रस्तावित 220 किलोवाट सबस्टेशन के लिए व्यवहार्यता अध्ययन भी करेंगे। उन्होंने दोहराया कि राज्य में कहीं भी बिजली कटौती नहीं होने देना सरकार का प्राथमिक लक्ष्य है।
