कंधमाल | ओडिशा के कंधमाल जिले से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहाँ 22 लाख रुपये के इनामी माओवादी नेता अन्वेश का शव दरिंगीबाड़ी के रिजर्व फॉरेस्ट से बरामद किया गया है। पुलिस के अनुसार, केकेबीएन डिवीजन का सदस्य अन्वेश अपने 12 साथियों के साथ मुख्यधारा में लौटने और सरेंडर करने की योजना बना रहा था। इस बात की भनक माओवादी संगठन के हेड सुकरू को लग गई, जिसने सरेंडर का विरोध करते हुए अन्वेश की हत्या कर दी और साक्ष्य छुपाने के उद्देश्य से उसके शव को जंगल में दफना दिया।
कंधमाल एसपी हरीशा बी.सी. ने बताया कि सटीक सूचना मिलने के बाद पुलिस की दो प्लाटून ने जंगल में सघन तलाशी अभियान चलाया, जिसके बाद अन्वेश की लाश बरामद हुई। मृतक अन्वेश मूल रूप से छत्तीसगढ़ के सुकमा का रहने वाला था और लंबे समय से ओडिशा में सक्रिय था। जांच में पता चला है कि संगठन के भीतर आंतरिक कलह और खराब होती स्थिति के कारण अन्वेश सरेंडर करना चाहता था। इस घटना के बाद पुलिस ने हत्यारे माओवादी लीडर सुकरू की तलाश तेज कर दी है, जो वर्तमान में पुलिस के मुख्य टारगेट पर है।
पुलिस प्रशासन ने जिले को माओवाद मुक्त बनाने के लिए ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई है। आंकड़ों के मुताबिक, जनवरी 2025 में जिले में 127 से ज्यादा माओवादी सक्रिय थे, लेकिन पुलिस की निरंतर कार्रवाई के चलते अब इनकी संख्या 30 से भी कम रह गई है। कंधमाल पुलिस ने 31 मार्च, 2026 तक पूरे जिले को माओवादी गतिविधियों से पूरी तरह मुक्त करने का लक्ष्य रखा है। अधिकारियों का मानना है कि यदि शीर्ष नेता सुकरू आत्मसमर्पण करता है या पकड़ा जाता है, तो बचे हुए माओवादी भी जल्द हथियार डाल देंगे।

