रायपुर, (वार्ता) छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णदेव साय ने मंगलवार को विधानसभा में पेश किए गए वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट को ऐतिहासिक बताते हुए इसे प्रधानमंत्री के ‘विकसित भारत’ के विजन से जोड़ा।
बजट पेश होने के बाद जारी एक बयान में श्री साय ने कहा कि यह बजट विकसित छत्तीसगढ़ की संकल्पना के अनुरूप तैयार किया गया है। उन्होंने बताया कि सरकार ने विकास को मिशन मोड में ले जाने के लिए पांच प्रमुख मिशन बनाए हैं। इनमें मुख्यमंत्री अधोसंरचना मिशन, मुख्यमंत्री एआई मिशन , मुख्यमंत्री पर्यटन विकास मिशन, मुख्यमंत्री स्टार्टअप मिशन और मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इन मिशनों से प्रदेश के विकास को नयी दिशा, नयी धार और नयी रफ्तार मिलेगी। उन्होंने पूरे प्रदेशवासियों को इस शानदार बजट की बधाई दी।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इसे ‘चैट जीपीटी बजट’ करार देते हुए सरकार पर जुमलेबाजी का आरोप लगाया। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि यह बजट ‘चैट जीपीटी’ से लिखवाया गया लगता है, जिसमें न तो सरकार की बुद्धिमत्ता दिखी और न ही अधिकारियों की गंभीरता। बघेल ने पिछले बजट और इस बजट की तुलना करते हुए व्यंग्य किया। उन्होंने कहा कि पिछले बजट में पतंग उड़ाने की घोषणा की गई थी, इस बजट में पतंग के कन्ने बांधने की घोषणा की गई है और अगले बजट में मांझा बांधने का ऐलान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसे जुमलों की पतंग जनता जल्द ही काट देगी।
पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि वित्त मंत्री देरी से सदन पहुंचे और उनका भाषण सिर्फ ट्रकों पर लिखी शायरी जैसा लगा। उन्होंने कहा कि सरकार की अज्ञानता से प्रदेश की दुर्गति हुई है और यह बजट बार-बार याद दिला रहा है कि सिर्फ “कांग्रेस ही विकल्प है।”
