नयी दिल्ली, 12 फरवरी (वार्ता) भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल) का ऑफर फॉर सेल (ओएफएस) खुदरा निवेशकों को लुभाने में विफल रहा और उसे महज 95.04 प्रतिशत प्रतिसाद मिला।
ओएफएस के दूसरे दिन गुरुवार को खुदरा निवेशकों के लिए कुल 1,74,10,318 शेयर उपलब्ध थे जबकि सिर्फ 1,65,45,957 के लिए ही बोली प्राप्त हुई। कम बोली मिलने के कारण गैर-खुदरा निवेशकों को भी बोली लगाने की अनुमति दी गयी और उन्होंने 66,99,535 शेयरों के लिए बोली लगायी। इस प्रकार दूसरे दिन ओएफएस को 1.34 गुना प्रतिसाद मिला।
पहले दिन बुधवार को गैर-खुदरा निवेशकों की तरफ से उपलब्ध 15,66,92,850 शेयरों की तुलना में 22,07,56,790 के लिए बोली प्राप्त हुई जो 1.40 गुना है।
सरकार ने भेल की तीन प्रतिशत हिस्सेदारी यानी 10,44,61,901 इक्विटी शेयर को ओएफएस के लिए रखा था और अतिरिक्त 6,96,41,267 इक्विटी शेयर (दो प्रतिशत) बेचने का भी विकल्प रखा गया था। गैर-खुदरा निवेशकों के लिए ओएफएस 11 फरवरी को और खुदरा निवेशकों तथा कर्मचारियों के लिए 12 फरवरी को खुला था।
ओएफएस के लिए प्रति इक्विटी शेयर न्यूनतम मूल्य 254 रुपये रखा गया था। ओएफएस के दो दिन में कंपनी का शेयर 15.65 रुपये टूटकर गुरुवार को 260.40 रुपये पर बंद हुआ।
कंपनी की फाइलिंग के अनुसार, 31 दिसंबर को भेल में सरकार की हिस्सेदारी 63.17 प्रतिशत और सार्वजनिक हिस्सेदारी 36.83 प्रतिशत थी।