सीहोर। संवैधानिक अधिकारों के खिलाफ साजिश रचने और ओडिशा राष्ट्रीय अधिवेशन की परमिशन नहीं देने के विरोध में राष्ट्रव्यापी चरणबद्ध आंदोलन के तहत कलेक्ट्रेट में भारत मुक्ति मोर्चा, राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा, बहूजन क्रांति मोर्चा, राष्ट्रीय परिवर्तन मोर्चा के प्रदेश व जिला पदाधिकारियों के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं के द्वारा राष्ट्रपति के नाम के ज्ञापन उिप्टी कलेक्टर वंदना राजपूत को दिया गया. कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए आरएसएस बजरंग दल जैसे संगठनों पर प्रतिबंध लगाने, और ईवीएम चुनाव सिस्टम बंद कराने जैसी मांग की गई. ज्ञापन में बताया गया कि आरएसएस बीजेपी की राजनीति और व्यवस्था ओबीसी समाज को भ्रमित व गुमराह रखने पर आधारित है. जाति आधारित जनगणना होने से ओबीसी की वास्तविक जनसंख्या सामने आएगी. सामाजिक, शैक्षिक और आर्थिक असमानताओं का सच उजागर होगा. इसी डर से इस अधिवेशन को साजिश करके षडय़ंत्रपूर्वक रोका गया है.
