नयी दिल्ली, 10 फरवरी (वार्ता) केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने मंगलवार को यहां एक उच्च स्तरीय बैठक की। इस दौरान आंध्र प्रदेश को देश का एक अग्रणी कृषि-विकास मॉडल बनाने और किसानों की आय बढ़ाने के लिए ‘वैल्यू चेन’ (मूल्य श्रृंखला) विकसित करने पर सहमति बनी।
यहां जारी एक सरकारी विज्ञप्ति में यह जानकारी दी गयी। इसमें बताया गया दोनों नेताओं ने कृषि विकास, मूल्य संवर्धन और ग्रामीण समृद्धि से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। केंद्रीय मंत्री श्री चौहान ने ‘विकसित भारत जी-राम-जी’ योजना के लिए सबसे पहले बजट आवंटित करने पर मुख्यमंत्री नायडू को बधाई देते हुए इसे एक दूरदर्शी पहल बताया।
श्री चौहान ने आश्वासन दिया कि केंद्र सरकार आंध्र प्रदेश के किसानों की समृद्धि के लिए हरसंभव सहयोग करेगी। उन्होंने कहा, “आंध्र प्रदेश ने कृषि और ग्रामीण विकास के प्रति अपनी गंभीर प्रतिबद्धता दिखाई है। केंद्रीय बजट में नारियल संवर्धन योजना के साथ-साथ कोको और काजू जैसी बागवानी फसलों के लिए विशेष घोषणाएं की गई हैं जिनका सीधा लाभ राज्य के किसानों को मिलेगा।”
मुख्यमंत्री नायडू ने बैठक के दौरान राज्य की प्राथमिकताओं के बारे में बताते हुए कहा कि राष्ट्रीय कृषि में आंध्र प्रदेश का योगदान लगभग 9.9 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि अब खेती में तकनीक आधारित समाधानों पर ध्यान देना अनिवार्य हो गया है। श्री नायडू ने तिलहन क्षेत्र के विस्तार, आधुनिक सिंचाई तकनीकों और कृषि-आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने की अपनी योजना भी साझा की।
श्री चौहान ने मंत्रालय के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे राज्य सरकार के साथ मिलकर एक विशेषज्ञ टीम गठित करें, जो पैदावार, प्रसंस्करण और निर्यात संवर्धन के लिए समयबद्ध रोडमैप तैयार करेगी। उन्होंने राज्य से जुड़े सभी लंबित मुद्दों के तेजी से निपटाने का भी निर्देश दिया।
इस मुलाकात के दौरान नागरिक उड्डयन मंत्री किंजरापु राममोहन नायडू और ग्रामीण विकास राज्य मंत्री चंद्रशेखर पेम्मासानी भी उपस्थित थे।
