
भोपाल। ईटखेड़ी पुलिस ने अंतरराज्यीय सायबर ठग गिरोह का पर्दाफाश किया है. दान के नाम पर सायबर फ्रॉड करने वाले 5 आरोपियों ने बुजुर्ग व्यक्ति और उनके सहायक को होटल में बंधक बनाते हुए मारपीट की. आरोपियों ने इस मौके पर बुजुर्ग ट्रस्ट अध्यक्ष और सहायक से बैंक खाते की जानकारी लेने की कोशिश भी की. पुलिस की सक्रियता से आरोपी असफल हो गए. आरोपियों को कोर्ट में पेश कर पुलिस ने रिमांड़ पर लिया है.
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक शनिवार को सूचना मिली कि एक होटल के अंदर कुछ व्यक्ति दो कमरों में ठहरे हुए हैं, जिनकी गतिविधियाँ संदिग्ध हैं. मौके पर पहुंची पुलिस ने संदिग्धों से पूछताछ की. पूछताछ के दौरान ओमप्रकाश वर्मा (62) निवासी अम्बेडकर नगर (उ.प्र.) ने आपबीती सुनाई. फरियादी ओमप्रकाश ने बताया कि वह राष्ट्र रक्षा मंच (ट्रस्ट) के अध्यक्ष हैं. 16 जनवरी को उनके मोबाइल नंबर पर एक व्यक्ति ने स्वयं को जी(8) कंपनी का मैनेजर बताकर संपर्क किया, कालर ने सोशल मीड़िया के माध्यम से ट्रस्ट की जानकारी मिलने की बात कही, ट्रस्ट में दान देने का झांसा देते हुए आरोपी ने फरियादी को भोपाल बुलाया. 26 जनवरी को फरियादी अपने सहयोगी सुखदेव वर्मा के साथ भोपाल पहुंचे. स्टेशन के पास एक लॉज में दोनों रूके. इसके बाद आरोपियों ने दानकर्ता से मिलवाने के बहाने 27 से 30 जनवरी तक फरियादी को आरकुस होटल, कोलार में रुकवाया. 30 जनवरी को फरियादी को होटल से मनीष पटेल, सनित पटेल, जितेन्द्र पटेल और रविंद्र नामक व्यक्तियों ने अपने साथ मारुति पैलेस होटल ईटखेड़ी में लाकर दो रूम मे ठहराया और यह सभी खुद भी वहां ठहरे. युवकों ने ओमप्रकाश को बताया कि दानकर्ता सुबह तक आऐंगे. सुबह दानकर्ता के नहीं आने पर जब फरियादी ने होटल छोड़ने की बात कही, तो आरोपियों गाली गलौज करते हुए स्वयं को सायबर फ्रॉड करने वाला बताते हुए 10 हजार रु. और ट्रस्ट के नाम से बैंक खाते की जानकारी जबरन मांगते हुए जान से मारने की धमकी दी. आरोपियों ने फरियादी को होटल के कमरे में बंद कर मनीष पटेल ने मारपीट की. इसके बाद उनके अन्य साथी सत्यम, तनिष्क और चरनप्रीत सरदार भी मौके पर पहुंचे, जिन्होंने खाते बेंचने और उसके संचालित करने की बात कहते हुए फरियादी के बैंक खाते की जानकारी लेने की कोशिश की. इस दौरान मौके पर पुलिस पहुंची और दोनों पीड़ितो को छुड़ाया. पीड़ितों को होटल में बंधक बनाने वाले आरोपियों को पुलिस थाने लेकर पहुंची. पुलिस ने प्रकरण में गिरफ्तार आरोपियों से बरामद दस्तावेजों की जांच के दौरान आरोपी मनीष पटेल के पैन कार्ड के आधार पर दिल्ली, महाराष्ट्र, राजस्थान सहित अन्य राज्यों में कुल 31 सायबर फ्रॉड शिकायतें दर्ज होना पाया. इस संबंध में जानकारी राज्य सायबर सेल एवं जिला सायबर सेल को बढ़ाई गई. आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया. आरोपियों से सायबर फ्रॉड नेटवर्क के संबंध में पुलिस की पूछताछ जारी है.
