उज्जैन: प्रसिद्ध मंगलनाथ मंदिर में साल 2025 में भात पूजा से 5 करोड़ रुपए से अधिक की आय हुई है। मंदिर समिति के प्रशासक केके पाठक ने बताया कि मंगलनाथ के दर्शन करने के लिए प्रदेश ही नहीं बल्कि देश-विदेश से भी प्रतिदिन दर्शन व पूजन के लिए श्रद्धालु आने लगे हैं। मंदिर में मंगल की शांति के लिए पंडितों के द्वारा सुबह 7 बजे से दोपहर के 3.30 बजे तक भात पूजन एवं अन्य प्रकार के पूजन संपन्न कराते हैं। इसके लिए मंदिर समिति से शासकीय रसीद कटाना होती है जो कि पूजन के अनुसार अलग-अलग राशि की होती है। समिति 1 जनवरी 2025 से 31 दिसम्बर 2025 की अवधि में जो रसीद काटी इससे 5 करोड़, 46 लाख, 17 हजार 599 रुपए की आय प्राप्त हुई।
उज्जैन के प्रसिद्ध गढक़ालिका मंदिर में भी साल के अंत से शुरुआत तक हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। इस दौरान सैकड़ों ने मां गढक़ालिका के दरबार में होने वाली विशेष कुमकुम पूजा भी संपन्न कराई। इस दौरान मंदिर में रिकॉर्ड तोड़ पूजा हुई व इससे उम्मीद से कई अधिक आय भी हुई है। मंदिर समिति के प्रबंधक मूलचंद जाटवा ने बताया कि मंदिर की शासकीय पुजारी महंत करिश्मा नाथ की 28 दिसंबर से 3 जनवरी तक की बैठक के दौरान कुल 401 कुमकुम पूजन संपन्न हुई। जिससे समिति को 100250 रुपए की आय हुई है।
