
पलेरा। मध्य प्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड पलेरा द्वारा विद्युत चोरी के विरुद्ध सघन छापेमारी अभियान चलाया गया। विद्युत वितरण क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पाली, रामपुरा और निवावरी में कुल 42 उपभोक्ताओं के कनेक्शनों की जांच की गई। जांच में 24 उपभोक्ता अनाधिकृत रूप से विद्युत उपयोग करते पाए गए, जिनके विरुद्ध प्रकरण तैयार किए गए।
इस दौरान 15 उपभोक्ताओं के पंचनामा बनाए गए तथा मौके पर ही अस्थायी संयोजन के लिए टीसी जारी करते हुए 9 कनेक्शनों को वैधानिक किया गया। अधीक्षण अभियंता सरोज कुमार त्रिपाठी के निर्देश पर सहायक अभियंता पलेरा लक्ष्मण कुशवाहा द्वारा की गई इस कार्रवाई से क्षेत्र में हड़कंप की स्थिति बनी रही। बड़ी कार्रवाई की आशंका के चलते कई उपभोक्ताओं ने आनन-फानन में वैध कनेक्शन लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी और प्रकरणों पर कार्रवाई के बजाय समाधान की मांग की।
रबी सीजन में विद्युत की बढ़ती मांग को देखते हुए अस्थायी कनेक्शनों में आई गिरावट के कारण यह अभियान चलाया गया। आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2024-25 के नवंबर-दिसंबर में लगभग 400 अस्थायी पंप कनेक्शन लिए गए थे, जबकि चालू वर्ष की इसी अवधि में मात्र 289 कनेक्शन ही लिए गए हैं। इस वर्ष बारिश देर तक चलने से नवंबर में अभियान नहीं चल पाया, लेकिन दिसंबर में भी किसानों द्वारा कनेक्शन लेने में रुचि कम रहने पर अवैध पंप कनेक्शनों की सघन जांच की गई।
इस कार्रवाई में लाइनमेन भीम सिंह, संविदा कर्मचारी जनक सिंह कुशवाहा तथा आउटसोर्स कर्मचारी अरविंद सूत्रकार, भागीरथ अहिरवार, गौरव सेन, गजेंद्र यादव, दिनेश अहिरवार और लक्ष्मी चौरसिया शामिल रहे।
