इंदौर: कपड़ा कारोबारियों से करोड़ों की उधारी माल उठाकर भुगतान गायब करने वाले दो और ठगों को इंदौर क्राईम ब्रांच ने मुंबई जाकर दबोच लाई. आरोपियों पर राज्य के बाहर की फर्मों के नाम पर ऑर्डर दिलाने और भरोसे का जाल बिछाकर शहर के व्यापारियों से डेढ़ करोड़ से अधिक का माल हड़पने का आरोप है.एडीसीपी क्राईम राजेश दंडोतिया ने बताया कि कपड़ा व्यापारियों से हो रही धोखाधड़ी की वारदातों पर तुरंत और सख्त कार्रवाई के निर्देश पुलिस आयुक्त द्वारा जारी किए हैं.
जिसके तहत क्राइम ब्रांच पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए मुंबई में रहने वाले तारिक खान और पंकज अग्रवाल के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया है. आवेदक मुकेश की शिकायत पर जांच शुरू की गई थी. आरोप है कि तारिक खान और पंकज अग्रवाल ने जुलाई–अगस्त 2024 से मार्च 2025 तक इंदौर के रेडीमेड व्यापारियों से विश्वसनीय ब्रोकर बनकर संपर्क किया.
दोनों ने गुजरात, महाराष्ट्र और अन्य राज्यों की फर्मों के नाम पर बड़े ऑर्डर दिलाने व 30–45 दिनों में भुगतान सुनिश्चित कराने का भरोसा दिलाया था. इस झांसे में आकर शहर के गुड बॉय, दीप दर्शन ट्रेडर्स, अद्विक क्रिएशन, बालाजी अपैरल्स, नाइस मेन गार्मेंट्स, रितिक फैशन, वंदना क्रिएशन, स्टार बाय सहित कई रेडीमेड व्यापारियों ने लगभग 1,69,96,876 का माल बाहरी फर्मों को भेजा.
पुलिस जांच में पाया गया कि यह पूरा नेटवर्क पहले से योजना बनाकर तैयार किया था. बाहरी फर्मों वीआर ट्रेडिंग, राशि कलेक्शन, ओवरसीज लिमिटेड, फेब्रिक वर्ल्ड, खुशबू एंटरप्राइजेज, जुबिया टेक्सटाइल और अन्य के जरिए माल उठाया, लेकिन न तो भुगतान व्यापारियों तक पहुंचा और न ही माल वापस लौटा. कुछ मामलों में सुरक्षा के तौर पर चेक भी दिए, जो बाद में बेअसर निकले. दोनों आरोपी लंबे समय से मुंबई में छिपकर फरारी काट रहे थे. इससे पहले इस प्रकरण में किरीट जडेजा नाम का आरोपी भी मुंबई से गिरफ्तार हो चुका है. पुलिस का कहना है कि तारिक और पंकज से पूछताछ जारी है, जिससे अन्य सहयोगियों के नाम सामने आने की उम्मीद है.
