आष्टा। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सीहोर श्री प्रकाश चंद्र आर्य के द्वारा दिनांक 13 दिसम्बर को आयोजित होने वाली नेशनल लोक अदालत के विषय में जन-जागरूकता शिविर का आयोजन न्यायालय प्रांगण में किया गया. न्यायाधीश प्रकाश चंद्र आर्य ने बताया कि नेशनल लोक अदालत में राजीनामा योग्य आपराधिक प्रकरण, चैक बाउंस के प्रकरण बैंक वसूली प्रकरण, मोटर दुर्घटना दावा प्रकरण, विद्युत चोरी प्रकरण, वैवाहिक विवाद के प्रकरण, भूमि अधिग्रहण के प्रकरण और सभी प्रकार के सिविल व भूमि विवाद के प्रकरण में पक्षकारों के मध्य राजीनामा के आधार पर निराकृत किए जाएंंगे. लोक अदालत के माध्यम से जो छूट मिल रही है। उसका लाभ उठाएं. और अन्य प्रकरणों में जिनमें जमीन, जायदाद एवं घरेलू लड़ाई-झगड़ों के केस चल रहे है. उनमें आपस में राजीनामा कर सौहार्द्र एवं प्रेम पूर्ण वातावरण निर्मित करें. लोक अदालतों का यह नारा है कि लोक अदालत में प्रकरण राजीनामा के बाद न कोई जीतता है न कोई हारता है. इस मौके पर न्यायाधीश विजय डांगी, महेश कुमार चौहान, स्वप्नश्री सिंह, ऋ चा जैन, ऋचा शर्मा एवं अभिभाषक संघ अध्यक्ष कृपाल सिंह ठाकुर उपस्थित थे.
