दमकल कर्मियों से अपने खेत में काम करवाते हैं फायर अधिकारी

सतना : अक्सर विवादों में बने रहने वाले नगर निगम के फायर अधिकारी के विरुद्ध एक बार फिर से गंभीर आरोप सामने आए हैं. फायरमैन द्वारा निगमायुक्त से इस बात की लिखित शिकायत की गई है कि फायर अधिकारी द्वारा नौकरी से निकालने की धमकी देकर दमकल कर्मियों से अपने खेत में काम कराया जाता है. इतना ही नहीं बल्कि ननि की कीमती शासकीय संपत्ति का दुरुयोग अपने निजी कार्यों के लिए करने जैसे गंभीर आरोप भी लगाए गए हैं.

नगर निगम की फायर शाखा में मस्टर फायरमैन नीलेंद्र प्रताप सिंह द्वारा फायर अधिकारी राम प्रसाद सिंह परमार के विरुद्ध शिकायत करते हुए गंभीर आरोप लगाए गए हैं. निगमायुक्त शेर सिंह मीणा के नाम से संबोधित लिखित शिकायत में इस बात की उल्लेख किया गया है कि फायर अधिकारी द्वारा अपने पद का दुरुपयोग करते हुए फायर कर्मियों को प्रताडि़त किया जा रहा है. फायर कर्मियों को नौकरी से निकालने की धमकी देकर अपने खेत में काम करवाया जाता है. जिसमें खेत में पानी लगाना, फसल काटना और खेत में बाड़ का निर्माण करने जैसे अन्य कार्य सम्मिलित है.

इतना ही नहीं बल्कि दमकल कर्मियों से डेयरी फार्म का काम कराने के साथ-साथ झाड़ू-पोछा और बर्तन धुलने जैसे घरेलू कार्य तक कराए जाते हैं. जो दमकल कर्मी फायर अधिकारी के घर, खेत और डेयरी में काम करते हैं, उन्हें पुरस्कृत करते हुए फायर अधिकारी द्वारा उच्च कुशल श्रेणी का वेतनमान दिलाया जाने लगता है. जबकि ऐसे दमकल कर्मी जो फायर अधिकारी के घरेलू कार्यों में दिलचस्पी न लेते हुए ईमानदारी से केवल ननि में ही अपनी सेवाएं देते हैं, उन्हें 12 वर्ष बीतने के बावजूद अब तक कुशल श्रेणी का वेतनमान भी नहीं दिया गया.
 भूतपूर्व सैनिक हैं फायरमैन
फायरमैन नीलेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि भारतीय सेना में 17 वर्ष 6 माह का कार्यकाल पूरा करने के बाद 3 वर्ष पहले उन्होंने ननि की फायर शाखा में नौकरी शुरु की. जब तक फायर अधिकारी के आदेशों का सही पालन किया तब तक तो सब ठीक रहा. लेकिन जैसे ही फायर अधिकारी के गलत आदेशों का विरोध करना शुरु किया वैसे ही नौकरी से निकालने की धमकी देकर उन्हें प्रताडि़त किया जाने लगा. इतना ही नहीं बल्कि अपनी गलतियों पर पर्दा डालने की नियत से फायर अधिकारी द्वारा नीलेंद्र को पीएचई फायर स्टेशन से हटाकर नजीराबाद फायर स्टेशन भेज दिया गया.
 जब्त सामग्री का निजी उपयोग
फायरमैन नीलेंद्र के अनुसार फायर अधिकारी आर पी सिंह परमार को जब अतिक्रमण का प्रभार सौंपा गया था तो कार्रवाई के दौरान काफी मात्रा में लोहा, टीना सहित अन्य सामान जब्त किया गया था. जब्त किए गए अधिकांश सामान को फायर अधिकारी द्वारा अपने खेत और डेयरी में उपयोग कर लिया गया. इतना ही नहीं बल्कि फायर अधिकारी द्वारा ननि की जेसीबी, होज पाइप और खासी मात्रा में डीजल का उपयोग अपने फार्म हाउस के लिए किया गया. लिहाजा इस तरह की गंभीर अनियमितता की जांच कराकर फायर अधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की गई है.

Next Post

वाहन में क्रूरता पूर्वक मवेशियों का परिवहन, पिकअप सहित 13 मवेशी जब्त

Sun Oct 26 , 2025
सतना: पशुओं का क्रूरता पूर्वक परिवहन करने वाले आरोपियो की पिकप सहित 13 नग भैस पडा को मझगवां पुलिस द्वारा जप्त कर लिया गया ।थाना प्रभारी मझगवां आदित्य नारायण सिंह धुर्वे से प्राप्त जानकारी के अनुसार पशुओं को क्रूरता पूर्वक पिकप वाहन में भरकर परिवहन करने की सूचना प्राप्त होने […]

You May Like