हादसों से बेपरवाह, बच्चों को दे रहे बिना जांच दवाएं

बुधनी।हाल ही में छिंदवाड़ा जिले में सामने आई डॉक्टरों की लापरवाही से हुई घटना के बाद भी स्वास्थ्य विभाग की आंखें नहीं खुली है. नगर एवं आसपास के क्षेत्रों में कई झोला छाप डॉक्टर बेधड़क क्लीनिक चला रहे हैं, जहां बच्चों और आम मरीजों को बिना किसी लाइसेंस, प्रशिक्षण और निगरानी के इलाज दिया जा रहा है.

सूत्रों के अनुसार, इन कथित डॉक्टरों द्वारा बुखार, खांसी और सर्दी जैसे लक्षणों वाले बच्चों को बिना परीक्षण के ही दवाइयां और सीरप दी जा रही हैं. इन दवाओं की गुणवत्ता और प्रभाव की कोई जांच नहीं की जाती जिससे बच्चों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है. कुछ मेडिकल स्टोर्स झोला छाप डॉक्टरों से मिलीभगत कर बिना वैध पर्ची के दवाइयों की बिक्री कर रहे हैं. इससे न सिर्फ कानून का उल्लंघन हो रहा है, बल्कि आम जनता की सेहत को भी गंभीर खतरा उत्पन्न हो रहा है.

इस मामले में मुख्य खण्ड चिकित्सा अधिकारी डी बड़ोदिया ने कहा कि ब्लॉक में संचालित झोलाछाप डॉक्टरों की सूची तैयार कर इनके दस्तावेजों की जांच की जाएगी और अनधिकृत रूप से संचालित क्लीनिकों को बंद करवाया जाएगा.वहीं दवाइयों की गुणवत्ता की जांच के लिए ड्रग इंस्पेक्टर ओर स्वास्थ्य विभाग की टीम जल्द ही क्षेत्र में संचालित मेडीकल स्टोर की जांच करेगी.

 

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