
छिंदवाड़ा। देशभर में अपनी परंपरा और भव्यता के लिए प्रसिद्ध छिंदवाड़ा की श्रीरामलीला मंडल की वार्षिक बैठक का आयोजन शुक्रवार को स्थानीय श्रीराम मंदिर, मानस भवन छोटी बाजार में किया गया। बैठक में आगामी मंचन की रूपरेखा, नए नवाचारों और दशहरे की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक की शुरुआत में मंडल के वरिष्ठ संरक्षक सतीश दुबे लाला को सभा का अध्यक्ष घोषित किया, जिसका उपस्थित सभी सदस्यों ने स्वागत किया। इसके उपरांत मंडल के संरक्षक कस्तूरचंद जैन ने प्रस्तावना प्रस्तुत करते हुए अतिथियों का स्वागत व उद्बोधन दिया।
संरक्षक राजू चरणागर ने इस अवसर पर मंडल की कार्ययोजना और आने वाले वर्षों में श्रीरामलीला को और अधिक भव्य एवं आकर्षक बनाने के सुझाव रखे। उन्होंने कहा कि परंपरा और आधुनिकता के समन्वय के साथ मंचन ही वर्तमान पीढ़ी को संस्कृति से जोडऩे का सर्वोत्तम माध्यम है। वरिष्ठ कलाकार श्रांत चंदेल ने लीला के मंचन के विषय में जानकारी साझा की। उन्होंने इस वर्ष जोड़े गए नए प्रसंगों और नवाचारों के बारे में विस्तार से बताया तथा कलाकारों द्वारा जारी अभ्यास की जानकारी भी दी। उन्होंने कहा कि इस बार मंचन में दर्शकों को रोचक और प्रेरणादायक दृश्यों की अनुभूति होगी।
बैठक में यह निर्णय लिया गया कि आगामी 19 सितंबर से प्रतिदिन रात्रि 9 बजे से श्रीरामलीला का मंचन प्रारंभ होगा।
इस मौके पर मंडल के परम सहयोगी एवं सांसद विवेक बंटी साहू, मंडल के परम सहयोगी, दानदाता, कलाकार एवं पदाधिकारी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उपस्थित लोगों से मंचन की सफलता हेतु सुझाव भी लिए गए।
2 अक्टूबर को गौधुली बेला होगा रावण दहन
बैठक में मंडल के उपाध्यक्ष रोहित द्विवेदी ने जानकारी दी कि इस वर्ष भी विगत परंपरा के अनुसार 2 अक्टूबर को ठीक शाम 6.30 बजे रावण दहन किया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने दशहरे की शोभायात्रा का मार्ग भी साझा किया। शोभायात्रा छोटी बाजार से प्रारंभ होकर छापाखाना, बुधवारी बाजार, राज्यपाल चौक होते हुए दशहरा मैदान पहुंचेगी। रावण दहन के उपरांत विजय जुलूस फव्वारा चौक, गोलागंज होते हुए पुन: छोटी बाजार में सम्पन्न होगा।
मंच पर कलाकर के रूप में नजर आएंगे सांसद
श्री रामलीला की मुख्य वार्षिक बैठक में उपस्थित हुए सांसद विवेक बंटी साहू ने अपने उद्बोधन में कहा कि वह इस वर्ष मंच पर कलाकार के रूप में भी अपना योगदान देना चाहते है। इस वर्ष मंडल के पदाधिकारियों द्वारा सहर्ष स्वीकृति प्रदान की गई। यह पहला अवसर होगा जब छिंदवाड़ा की ऐतिहासिक श्रीरामलीला के मंच पर कलाकार के रूप में जिले के सांसद उपस्थित रहेंगे।
