ग्वालियर: केन्द्रीय जल आयोग से प्राप्त जानकारी के अनुसार कोटा बैराज तथा कालीसिंध नदी पर स्थित नवनेरा बैराज से पानी छोड़े जाने के कारण चम्बल नदी का जलस्तर निरन्तर बढ रहा है। जल स्तर के 135 मीटर तक होने की संभावना है।जिला प्रशासन मुरैना द्वारा समस्त नागरिकों को एलर्ट किया गया है कि वे सतर्क रहे, विशेषकर वे लोग जो चम्बल नदी के किनारे अथवा निचले इलाकों में निवासरत है।
जल स्तर में हो रही वृद्धि के कारण इन क्षेत्रों में बाढ़ की आशंका से भी इन्कार नहीं किया जा सकता है। सभी नागरिकों से अनुरोध किया गया है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें। प्रशासन द्वारा जारी सूचना का पालन करें। आपातकालीन स्थिति में तत्काल निकटतम राहत केन्द्र अथवा नियंत्रण कक्ष से संपर्क करें। वर्तमान में नदी के समीप किसी भी प्रकार गतिविधियाँ जैसे स्नान, मछली पकड़ना, नाव की सवारी या नदी पार करने के प्रयास से परहेज करें।
जिला प्रशासन स्थिति पर लगातार निगरानी बनाये हुये है तथा आवश्यक समस्त तैयारियों की जा चुकी है। चंबल का जलस्तर 138 मीटर के नजदीक पहुंचने से सबलगढ़ तहसील के मजरा गांव कैमारा कलां,. छोटी राडी, बड़ी राडी, गौदोली, गौदोली घुर्र, रेजा पुरा, महआ, कलरघटी, मदनु का पुरा, बंशी का पुरा, बलदेव का पुरा गांव प्रभावित होंगे।
इसी प्रकार अम्बाह तहसील के अंतर्गत बीलपुर, घेर, कुथियाना, रामप्रकाश का पुरा, रतन बसई, रामगढ़, सुखध्यान का पुरा, इन्द्रजीत का पुरा, चुस्लई, बिचपुरी, लुधावली, मल्हन का पुरा, वासुदेव का पुरा, रायपुर, दीवानसिंह का पुरा, बिहार का पुरा कुल 8 ग्राम प्रभावित होंगे।इसके साथ ही बढ़ते हुए जलस्तर को देखते हुए यदि जलस्तर 140 मीटर पहुंचता हैं तो मुरैना तहसील के ग्राम भानपुर, जैतपुर, रिठोरा खुर्द, दधीरम का पुरा, पटेल का पुरा, रघुवर का पुरा, गबदू का पुरा, कोशा का पुरा, भोलाराम का पुरा, गोरखा कुल 4 ग्राम प्रभावित होंगे।
