कठोर प्रदर्शन मूल्यांकन बना छंटनी का आधार, TCS ने कहा- ‘यह छंटनी नहीं, प्रदर्शन के आधार पर कर्मचारियों को हटाया गया’, आईटी सेक्टर में हलचल
मुंबई, 28 जुलाई 2025
टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS), भारत की सबसे बड़ी आईटी सेवा कंपनियों में से एक, ने हाल ही में 12 हजार से अधिक कर्मचारियों को कंपनी से बाहर कर दिया है। इस खबर ने आईटी सेक्टर में बड़ी हलचल मचा दी है और कई लोगों को आश्चर्यचकित कर दिया है। जब कंपनी से इस बड़े पैमाने पर कर्मचारियों की छुट्टी का कारण पूछा गया, तो TCS का जवाब चौंकाने वाला था: उन्होंने इसे ‘छंटनी’ कहने से इनकार किया है, बल्कि इसे कठोर प्रदर्शन मूल्यांकन (rigorous performance review) का परिणाम बताया है। कंपनी का कहना है कि यह एक सामान्य प्रक्रिया है जिसमें कम प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों को हटाया जाता है।
TCS के सूत्रों के अनुसार, यह फैसला कंपनी के प्रदर्शन-आधारित मूल्यांकन नीतियों का हिस्सा है, जिसमें उन कर्मचारियों को बाहर किया जाता है जो लगातार अपेक्षित मानकों को पूरा नहीं कर पाते हैं। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि यह कोई ‘लेऑफ’ या आर्थिक कारणों से की गई छंटनी नहीं है, बल्कि एक वार्षिक प्रक्रिया है जिसका उद्देश्य कार्यबल की दक्षता और गुणवत्ता बनाए रखना है। इस कदम से आईटी उद्योग में प्रदर्शन मूल्यांकन और कर्मचारी प्रतिधारण पर बहस तेज हो गई है, क्योंकि इतनी बड़ी संख्या में कर्मचारियों का बाहर होना कई सवाल खड़े करता है।

