
नयी दिल्ली, 24 जुलाई (वार्ता) उच्चतम न्यायालय बीएस-6 उत्सर्जन मानक वाले वाहनों के दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में परिचालन की अधिकतम अवधि (वर्षों में) निर्धारित करने से संबंधित मामले में सोमवार को सुनवाई करेगा।
मुख्य न्यायाधीश बी आर गवई और न्यायमूर्ति के विनोद चंद्रन की पीठ ने गुरुवार को
एक अधिवक्ता की ओर से संबंधित मामले पर शीघ्र सुनवाई के अनुरोध पर सहमति व्यक्त करते हुए इसे सोमवार के लिए सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया।
दिल्ली सरकार ने पिछले महीने आदेश दिया था कि एक जुलाई, 2025 से पेट्रोल पंपों पर पुराने वाहनों को ईंधन की आपूर्ति नहीं की जाएगी।दिल्ली सरकार ने हालांकि वाहन चालकों के विरोध के बाद अपने निर्देश पर रोक लगा दी थी।
याचिकाकर्ता का कहना है कि प्रदूषण नियंत्रण से संबंधित शीर्ष अदालत के आदेशों को देखते हुए सरकार इसमें अपनी मर्जी से बदलाव नहीं कर सकती।
राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण (एनजीटी) ने वर्ष 2015 में निर्देश दिया था कि प्रदूषण से निपटने के लिए 10 वर्ष से अधिक पुराने डीजल और 15 वर्ष से अधिक पुराने पेट्रोल वाहनों को दिल्ली और एनसीआर में चलने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।
शीर्ष अदालत ने एनजीटी के उस निर्देश पर 2018 मुहर लगाई थी।
