
सिंगरौली।जिला अस्पताल में प्रसव के दौरान नवजात की मौत हो गई। बच्चे की मौत से आक्रोशित परिजनों ने डॉक्टर पर लापरवाही का गंभीर आरोप लगाते हुए अस्पताल परिसर में जमकर शोर-शराबा किया। स्थिति को नियंत्रित करने में सुरक्षाकर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। इसी बीच ड्यूटी पर तैनात डॉक्टरों और स्टाफ नर्स के बीच नोंकझोंक भी हो गई, जिससे माहौल और तनावपूर्ण हो गया।
मिली जानकारी के अनुसार देवसर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से गर्भवती महिला को जिला चिकित्सालय सह ट्रामा सेंटर रेफर किया गया था, जहां सर्जरी के दौरान बच्चे की मौत हो गई। मृत बच्चे के पिता संजू प्रजापति और नानी प्रेमवती ने बताया कि बच्चे के शव पर कई जगह चाकू जैसी चीज से कटे होने के निशान मिले हैं। परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान डॉक्टरों की लापरवाही से बच्चे की मौत हुई है। उनका कहना है कि ऑपरेशन के औजार बच्चे के पेट और कंधे पर धार नुमा चोट के निशान लगा है। सम्भवत: इसी चोट के चलते बच्चें की मौत हो गई। इस घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल में काफी देर तक हंगामा किया। इस मामले में अभी तक न तो अस्पताल प्रबंधन को कोई लिखित शिकायत मिली है और न ही पुलिस में कोई रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। सिंगरौली जिले के ट्रॉमा सेंटर पर पहले भी इलाज में लापरवाही के आरोप लग चुके हैं। हालांकि जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. देवेंद्र सिंह ने इन आरोपों को खारिज किया है। उन्होंने बताया कि मरीज देवसर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से रेफर होकर आई थी। बच्चे की मौत गर्भ में ही हो चुकी थी। डॉक्टरों ने केवल ऑपरेशन करके मृत बच्चे को बाहर निकाला।
