
दिल्ली सरकार की महत्वाकांक्षी योजना पर भ्रष्टाचार का साया; उपराज्यपाल ने दिए जांच के निर्देश, राजनीतिक सरगर्मी तेज
नई दिल्ली, 17 जुलाई, 2025 – दिल्ली में आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार की महत्वाकांक्षी ‘जय भीम मुख्यमंत्री प्रतिभा विकास योजना’ में कथित तौर पर ₹145 करोड़ के घोटाले का सनसनीखेज आरोप लगा है। इस मामले में उपराज्यपाल वी.के. सक्सेना ने भ्रष्टाचार निरोधक शाखा (ACB) को तत्काल जांच शुरू करने के आदेश दिए हैं। यह आरोप ऐसे समय में सामने आया है, जब यह योजना समाज के कमजोर वर्गों के छात्रों को मुफ्त कोचिंग प्रदान कर उनकी मदद करने का दावा करती है, जिससे राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह घोटाला कथित तौर पर उन संस्थानों को भुगतान के संबंध में हुआ है, जिन्होंने छात्रों को वास्तविक कोचिंग प्रदान ही नहीं की। उपराज्यपाल ने इस मामले में एक विस्तृत रिपोर्ट मांगी है, जिसमें योजना के तहत दिए गए फंड, लाभार्थियों की संख्या और कोचिंग प्रदान करने वाले संस्थानों की प्रामाणिकता से संबंधित सभी जानकारी शामिल होगी। इस योजना का उद्देश्य अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के छात्रों को विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं जैसे जेईई, नीट, सिविल सेवा आदि के लिए मुफ्त कोचिंग प्रदान करना है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह सीधे तौर पर उन हजारों छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ होगा, जिन्हें बेहतर शिक्षा के माध्यम से सशक्त बनाने का वादा किया गया था।
फर्जी संस्थाओं को भुगतान का आरोप, गंभीर धाराओं में होगी जांच; योजना की पारदर्शिता पर सवालिया निशान
प्राथमिक जांच से पता चला है कि कुछ ऐसे संस्थानों को भी बड़ी रकम का भुगतान किया गया, जिनके पास छात्रों को कोचिंग देने के लिए न तो पर्याप्त बुनियादी ढाँचा था और न ही योग्य फैकल्टी। आरोप है कि यह भुगतान कागजों पर छात्रों की संख्या बढ़ाकर किया गया, जिससे सरकारी खजाने को भारी नुकसान हुआ। ACB को अब इन सभी पहलुओं की गहराई से जांच करने, फर्जीवाड़े में शामिल लोगों की पहचान करने और उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम सहित विभिन्न प्रासंगिक धाराओं के तहत कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
इस घटना ने दिल्ली सरकार की योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। विपक्षी दलों ने इस मामले को लेकर AAP सरकार पर तीखा हमला बोला है और इसमें शामिल सभी दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। ‘जय भीम मुख्यमंत्री प्रतिभा विकास योजना’ का उद्देश्य नेक था, लेकिन यदि इसमें घोटाला हुआ है, तो यह दर्शाता है कि सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में कठोर निगरानी और ऑडिटिंग की आवश्यकता है। आने वाले दिनों में यह मामला दिल्ली की राजनीति में एक बड़ा मुद्दा बन सकता है, क्योंकि ACB की जांच आगे बढ़ेगी और नए खुलासे होने की संभावना है।
