वाशिंगटन: अमेरिका के लॉस एंजेलिस शहर में हालात दिन-ब-दिन बिगड़ते जा रहे हैं। ट्रंप सरकार की इमिग्रेशन नीतियों के खिलाफ सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारियों ने उग्र रूप ले लिया है। डिटेंशन सेंटर के बाहर शुरू हुआ विरोध अब पूरे शहर में फैल गया है। प्रदर्शनकारियों के हाथों में मैक्सिकन झंडे हैं और वे खुलकर पुलिस वाहनों में आग लगा रहे हैं। कई जगहों पर भारी तोड़फोड़ हुई है, जिससे माहौल हिंसक हो गया है।
पुलिस ने भीड़ को काबू करने के लिए आंसू गैस का सहारा लिया, लेकिन स्थिति नियंत्रण से बाहर होती जा रही है। सेना और प्रदर्शनकारी अब आमने-सामने हैं। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हालात को देखते हुए लॉस एंजेलिस में 2000 नेशनल गार्ड्स की तैनाती का आदेश दिया है।विरोध सिर्फ इमिग्रेशन नीति तक सीमित नहीं है। अमेरिका में ट्रंप और उद्योगपति एलन मस्क के बीच चल रही जुबानी जंग ने भी माहौल को और तनावपूर्ण बना दिया है। सोशल मीडिया पर दोनों के तीखे बयान सामने आ चुके हैं। ऐसे में यह सवाल उठने लगा है कि क्या अमेरिका एक सिविल वॉर जैसी स्थिति की ओर बढ़ रहा है।
